बाल विकास परियोजना की ओर से चलाए जा रहे स्तनपान जागरूकता अभियान के तहत अलग-अलग आंगनबाड़ी केंद्रों पर महिलाओं को जागरूक किया गया। उन्हें बताया गया कि माता का दूध बच्चों के पोषण और स्वास्थ्य के लिए बेहद उपयोगी है। महिलाओं को समान नागरिक संहिता के बारे में भी जानकारी दी गई।बाल विकास परियोजना के माध्यम से विकासनगर के बाढवाला, ढकरानी स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बाल विकास परियोजना अधिकारी अंजू बडोला ने कहा कि मां के दूध में पानी, प्रोटीन, वसा, कार्बोहाइड्रेट, विटामिन, खनिज, एंटीबॉडी और अन्य जैव सक्रिय कारक पाए जाते हैं। यह सभी पोषक तत्व शिशु के विकास और प्रतिरक्षा प्रणाली के लिए आवश्यक हैं। कार्यक्रम में सुपरवाइजर ब्रह्मी तोमर, किरण, शशि किरण आदि उपस्थित रहीं। हरबर्टपुर के जमनीपुर तप्पड़ में आंगनबाड़ी केंद्र पर सुपरवाइजर सरस्वती देवी ने महिलाओं को अपने बच्चे के उत्तम स्वास्थ्य के लिए स्तनपान कराने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि माता का दूध बच्चों के लिए पौष्टिक व स्वास्थ्य वर्धक होता है। कार्यक्रम में एएनएम माला, शोभा लखेड़ा, विनीता, रीता, सरोज बाला, मीना, रमा, मसरूफ आदि उपस्थित रहे।साहिया क्षेत्र के साहिया, कोटी, दातनु, डामटा, फटेऊ, बराड़, बडनु, झूसोऊ भाकरोऊ आदि आंगनवाड़ी केंद्रों में विश्व स्तनपान सप्ताह पर कार्यक्रम आयोजित किए गए।