स्थानीय दुकानदारों के अनुसार, दो बाइकों पर चार युवक दोपहर से ही कस्बे में घूम रहे थे। बदमाश सुनार की दुकानों के आसपास ही मंडरा रहे थे। बदमाश घटना वाली दुकान के आसपास अन्य सुनारों की दुकानों पर भी गए थे। लेकिन वहां भीड़भाड़ होने के कारण वह वारदात को अंजाम नहीं दे पाए। इसके बाद बदमाश नितिन बंसल की दुकान पर पहुंचे। आशंका है कि यहां दुकान के आसपास भीड़भाड़ न होने और दुकान के अंदर भी कम ग्राहक होने पर बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया।
पुलिस की तीन टीमें बनाई
एसपी देहात नवनीत सिंह ने बताया कि घटना के खुलासे और बदमाशों को पकड़ने के लिए सीआईयू समेत पुलिस की तीन टीमें बनाई गई हैं। तीनों टीमों को अलग-अलग क्षेत्रों में बदमाशों की तलाश के लिए लगाया गया है। साथ ही मोबाइल सर्विलांस के जरिए भी बदमाशों की तलाश की जा रही है। बदमाश लोकल हैं या बाहरी, यह भी पता लगाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि दुकानदार ने घटना में शामिल एक काले रंग की पल्सर बाइक का नंबर भी बताया है। नंबर के आधार पर भी बदमाशों की तलाश की जा रही है।
आखिर कहां थी पुलिस
बदमाश भीड़भाड़ वाले इलाके में दस मिनट तक वारदात को अंजाम देते रहे और आसानी से फरार भी हो गए, लेकिन पुलिस को भनक तक नहीं लगी। बाजार में सुरक्षा की दृष्टि से गश्त करने का दम भरने वाली पुलिस की पोल इस घटना से खुल गई। वह कहीं दूर दूर तक नजर नहीं आई। लोगों ने वारदात को लेकर पुलिस पर भी सवालिया निशान खड़े किए हैं।
तहरीर के आधार पर लूट का केस दर्ज कर लिया है। बदमाशों को जल्द पकड़ने की कोशिश की जा रही है। आसपास के लोगों से मामले की जानकारी ली जा रही है।
नवनीत सिंह, एसपी देहात