स्वारना नदी पुल की मरम्मत का आधा काम पूरा होने के बाद सोमवार को छह दिन बाद इसे हल्के वाहनों के लिए खोल दिया गया। हालांकि, भारी वाहनों के प्रवेश पर अभी भी पूरी तरह से रोक बरकरार है। लोनिवि ने आगामी तीन-चार दिनों में शेष मरम्मत कार्य पूरा कर लेने का दावा किया है। वहीं, पुल खुलने के पहले ही दिन औद्योगिक इकाइयों की छुट्टी के समय यहां भारी जाम लग गया, जिससे वाहन सवारों को खासी परेशानी झेलनी पड़ी। दरअसल, स्वारना नदी में उफान और तेज बहाव के चलते पुल की नींव के पुश्ते क्षतिग्रस्त हो गए थे, जिसके बाद बीते बुधवार को मार्ग पर बैरिकेडिंग लगाकर यातायात पूरी तरह रोक दिया गया था। लोनिवि के अधिकारियों के अनुसार, पिछले छह दिनों में काम करते हुए आधे हिस्से के पुश्तों को दुरुस्त कर लिया गया है। नींव के जो हिस्से खोखले हो गए थे, उनमें जाल बिछाकर पंप के जरिए कंक्रीट भरी जा रही है, ताकि पुल को पर्याप्त मजबूती मिल सके। सोमवार सुबह हल्के वाहनों के लिए पुल खुलने के बाद दिनभर आवाजाही सामान्य रही, लेकिन शाम करीब 5:50 बजे सेलाकुई औद्योगिक क्षेत्र की फैक्ट्रियों में छुट्टी होने के बाद स्थिति बिगड़ गई। एक साथ बड़ी संख्या में कार और दोपहिया वाहन सड़क पर आ गए, जिससे पुल पर लंबा जाम लग गया। जाम की सूचना मिलते ही पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुंची और करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद यातायात सुचारु कराया। लोनिवि के अधिशासी अभियंता नीरज त्रिपाठी ने बताया कि पुल के अगले तीन-चार दिन में शेष बचे हिस्से की मरम्मत भी पूरी कर ली जाएगी। यह कार्य पूर्ण होने के बाद ही पुल से भारी वाहनों की आवाजाही शुरू कराई जाएगी।