वार्ड 21 इंदिरानगर निवासी लईक अहमद अपने रिश्तेदार (साढ़ू) इरशाद के घर आए थे। दोनों परिवार 10 जून 2014 को काठगोदाम दरगाह पर दुआ मांगने जा रहे थे। आरोप है कि इस बीच पड़ोसी जकी अहमद के परिवार ने छींटाकशी शुरू कर दी। अपशब्दों का विरोध करने पर दोनों पक्षों में बहस हो गई। गुस्साए जकी अहमद और उसके परिवार ने तेजाब फेंक दिया, इससे वहां खेल रहे दस बच्चों सहित 19 लोग झुलस गए।
इस मामले में लईक अहमद की तहरीर पर पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान पुलिस ने एक अभियुक्त को छोड़ दिया था, जबकि दो लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की थी।
फैसले की प्रति विधिक प्राधिकरण को दें
अदालत ने उत्तराखंड उच्च न्यायालय में पारित आदेश उत्तराखंड स्टेट बनाम आजम गवर्मेंट अपील संख्या 12/2011 का हवाला देते हुए उत्तराखंड अपराध से पीड़ित सहायता योजना-2013 के अनुसार पीड़ितों को नियमानुसार प्रतिकर दिलाने के लिए निर्णय की प्रति जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को भेजने के निर्देश दिए।