लैंसडौन में एक गुलदार ने ड्यूटी से लौट रहे बाइक सवार सैनिक पर झपट्टा मारकर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया। बाइक सवार युवक ने बाइक तेज दौड़ाई और गुलदार से दोनों की जान बचाई। सैनिक का उपचार सैन्य चिकित्सालय में किया जा रहा है। गुलदार के क्षेत्र में सक्रिय होने के कारण लोगों में दहशत का माहौल बना है। वन विभाग और सेना के गश्ती दल ने क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी है।
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लैंसडौन रेंज अधिकारी अजय ध्यानी ने बताया कि 29 अक्तूबर की देर शाम करीब 7:45 बजे नायक ललित मोहन (33) पुत्र महेशानंद बाइक से अपने एक साथी के साथ जीआरआरसी लैंसडौन में कंपनी रिपोर्टिंग ड्यूटी से लौट रहे थे। तभी जीआरआरसी के दुर्गा मंदिर के पास अचानक गुलदार झाड़ी से निकला और बाइक के पीछे दौड़ पड़ा।
उसने बाइक के पीछे बैठे सैनिक ललित मोहन पर झपट्टा मारकर उसे घायल कर दिया। उसके पीठ और पांव पर गुलदार के नाखूनों के गहरे निशान पड़ गए। गुलदार के हमले के बाद बाइक चालक ने बाइक की रफ्तार तेज कर दी और वहां से किसी तरह बचकर भाग गए। इसके बाद वे सैन्य अस्पताल पहुंचे। बताया कि संबंधित क्षेत्र में वन कर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है।
गुलदार पहले भी कर चुका है लोगों पर हमला
- गत 3 अगस्त को दुर्गा मंदिर के समीप ड्यूटी से लौट रहे बाइक सवार लांस नायक पुष्मीत पर गुलदार ने किया था हमला।
- 6 अगस्त की शाम को बाइक सवार शिवम पर भी किया हमला।
- 8 अगस्त की सुबह गुलदार ने कालेश्वर मंदिर के निकट ड्यूटी के लिए पैदल जा रहे सेना के नायब सूबेदार सुरेश कुमार को किया घायल।
- 30 अगस्त की रात गुलदार ने नवीन रावत व राइफल मैन आशीष शाह पर हमला कर घायल किया था।
नाथूपुर गांव में भालू ने बागवानी को पहुंचाया नुकसान
ब्लॉक मुख्यालय दुगड्डा से सटे नाथूपुर गांव और इसके आसपास के इलाकों में भालू काश्तकारों की बागवानी को लगातार नुकसान पहुंचा रहा है। इसके अलावा क्षेत्र में बाघ और गुलदार की दहशत भी बनी है। ग्रामीणों ने वन्य जीवों को आबादी क्षेत्र में आने से रोकने के लिए वन विभाग से क्षेत्र में गश्त बढ़ाने की मांग की। नाथूपुर गांव के काश्तकार तीरथ सिंह रावत, प्रद्युमन सिंह, बृजमोहन सिंह, चंद्रमोहन सिंह, जगमोहन सिंह ने बताया कि कुछ दिनों से गांव में भालू दिख रहा है। भालू उनकी आम और अमरूद की बागवानी को लगातार नुकसान पहुंचा रहा है। ऐसे में ग्रामीण अकेले खेतों में जाने से भी कतरा रहे हैं। वहीं दुगड्डा के रेंजर प्रमोद डोबरियाल ने कहा कि प्रभावित क्षेत्र में वन कर्मियों की गश्त बढ़ा दी गई है। उन्होंने ग्रामीणों को रात को अकेले बाहर न निकलने और बाहर की लाइट जलाकर रखने की हिदायत दी।