पेट्रोलियम और ऊर्जा अध्ययन विश्वविद्यालय देहरादून की ओर से चकराता विकासखंड के जीआईसी क्वांसी में कार्यशाला का आयोजन किया गया। विशेषज्ञों ने गुणवत्तापरक शिक्षा पर जोर दिया। विकास के लक्ष्यों के बारे में जानकारी दी।
मुख्य वक्ता प्रयागराज विश्वविद्यालय के डॉ. भारतेंदु कुमार चतुर्वेदी ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य सतत विकास के प्रति छात्रों में वैज्ञानिक सोच उत्पन्न करना है। जिसके तहत जनजातीय क्षेत्र के स्कूलों में कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। उन्होंने छात्रों को शून्य गरीबी का लक्ष्य, गुणवत्ता परक शिक्षा, लैंगिक समानता, जलवायु परिवर्तन, साफ पानी और स्वच्छता जैसे विषयों पर जागरूक किया। डॉ. मोहम्मद याकूत और अत्रि नौटियाल ने कहा कि छात्रों में वैज्ञानिक सोच को विकसित किया जाना जरूरी है।
वैज्ञानिक सोच रखने वाला छात्र राष्ट्र के निर्माण में अपनी भूमिका निभा सकता है। कार्यशाला के माध्यम से छात्रों को भारत सरकार के 16 प्रमुख मुद्दों के बारे में जागरूक किया जा रहा है। जिसमें वर्ष 2030 तक देश से भुखमरी को मिटाना और सभी को रोजगार और सुरक्षा, महिला और पुरुषों को सामान अधिकारी भी शामिल है।