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Dehradun: अवैध मोबाइल एप से IPL में सट्टेबाजी का पर्दाफाश, छह आरोपी गिरफ्तार, ऐसे करते थे काम

Tue, 11 Apr 2023 06:11 PM IST
देहरादून ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, देहरादून

सार

आरोपियों के पास से 25 हजार रुपये से ज्यादा की नकदी बरामद हुई है। जबकि, 7.60 लाख रुपये उनके विभिन्न बैंक खातों में फ्रीज कराए गए हैं।
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सांकेतिक तस्वीर
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अवैध मोबाइल एप के जरिये आईपीएल में सट्टेबाजी का पर्दाफाश करते हुए पुलिस ने छह लोगों को गिरफ्तार किया है। ये लोग बिजनौर और अन्य जगहों पर बैठे बुकी के माध्यम से सट्टा लगाते हैं। रविवार को सनराइजर्स हैदराबाद और पंजाब किंग्स इलेवन के मैच पर सट्टा लगाया जा रहा था।

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आरोपियों के पास से 25 हजार रुपये से ज्यादा की नकदी बरामद हुई है। जबकि, 7.60 लाख रुपये उनके विभिन्न बैंक खातों में फ्रीज कराए गए हैं। नौ मोबाइल भी मौके से मिले हैं। आरोपियों के खिलाफ जुआ अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।

एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने बताया कि रायपुर पुलिस को रविवार रात क्षेत्र में ऑनलाइन सट्टा लगाने की शिकायत मिली थी। इस पर सड़क किनारे एक मकान में छापा मारा गया। यहां छह युवक एक-दूसरे से 500 और 1000 रुपये ऑनलाइन लगाने की बात कर रहे थे। पुलिस ने इन सभी को मौके से गिरफ्तार कर लिया।
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पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे मोबाइल के जरिये गो एक्सचेंज वेबसाइट पर जाकर सट्टा लगाते हैं। एक्सचेंज की आईडी और लिंक फिरोज अहमद निवासी करौदा कोतवाली, जिला बिजनौर से प्राप्त करते हैं। इसके बाद योगेश मिश्रा और शैलेंद्र उर्फ मास्टर नाम के बुकी के मोबाइल पर फोन कर ऑनलाइन 22 हजार रुपये में एक लाख प्वाइंट खरीदते हैं। उसके बाद आगे लोगों को ऑनलाइन प्वाइंट बेचकर उनसे रुपये लेकर सट्टा लगवाते हैं।

ये आरोपी पकड़े गए
इरशाद खान निवासी गली नंबर-15, भगत सिंह कालोनी, अधोईवाला, सलीम निवासी लास्ट इंदर रोड, पूरण बस्ती, थाना रायपुर, आसिफ निवासी लास्ट इंदर रोड, संजय कॉलोनी, डालनवाला, शोएब निवासी भगत सिंह कॉलोनी, वसीम निवासी भगत सिंह चौक, अधोईवाला और योगेश वर्मा निवासी चंदन नगर हैं।

ऐसे करते थे काम
इरशाद खान, सलीम और आसिफ पार्टनर के रूप में बुकी का काम करते हैं। तीनों के ऊपर इनका बॉस करता है। तीनों सटोरियों ने पार्टनरशिप में गो एक्सचेंज नामक अवैध एप में अपना ऑनलाइन अकाउंट खोला है। यहां से वे अपने बॉस से 22000 रुपये में एक लाख प्वाइंट खरीदते हैं। प्वाइंट के माध्यम से अलग-अलग छोटे सटोरियों/पंटर आदि से सट्टा खिलवाते हैं। तीनों अपनी आईडी से गो एक्सचेंज का लिंक देकर अन्य लोगों से भी आईडी पासवर्ड बनवाते हैं। इसके बाद अपने प्वाइंट उनको पैसों में बेचते हैं। पैसा गूगल पे के माध्यम से इधर-उधर करते हैं। पंटर या छोटा सटोरी जीतता है तो ये तीनों उन्हें पैसा देते हैं। अपने नीचे छोटे सटोरी को एक रुपये में एक प्वाइंट बेचते हैं।

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