साढ़े 12 बजे हुई पहली अरदास
गोविंदघाट गुरुद्वारे के वरिष्ठ प्रबंधक सरदार सेवा सिंह ने बताया कि शनिवार को सुबह नौ बजे गुरुग्रंथ साहिब को पंज प्यारों की अगुवाई में सचखंड से दरबार साहिब में सुशोभित किया गया। सुबह 10 बजे सुखमणी का पाठ हुआ। पूर्वाह्न 11 बजकर 30 मिनट पर सबद कीर्तन और दोपहर 12 बजकर 30 मिनट पर हेमकुंड साहिब के कपाट खोल दिए गए और गुरुद्वार में पहली अरदास हुई। एक बजे हुक्मनामा गया। और इसके साथ ही इस वर्ष की हेमकुंड साहिब तीर्थयात्रा का शुभारंभ हो जाएगा।