मसूरी। शहीद स्थल पर गढ़वाल महिला सभा की ओर से ईगास पर्व धूमधाम से मनाया गया। महिलाओं ने शहीदों की स्मृति में दीये जलाए। साथ ही ईगास पर्व के लिए जमकर लोक गीतों पर नृत्य किया गया। गढ़वाल महिला सभा कोषाध्यक्ष शशि रावत ने कहा कि ईगास का उत्तराखंड की लोक संस्कृति में बड़ा महत्व है। कहा ईगास के लिए पहाड़ में अलग-अलग दंतकथाएं और मान्यताएं हैं। उन्होंने बताया कि ईगाश पर्व को लेकर कहा जाता है कि भगवान राम चंद्र के अयोध्या लौटने की खबर पहाड़ में देर से मिली थी, साथ ही वीर माधो सिंह भंडारी के तिब्बत युद्ध विजयी से इसकी मान्यता जुड़ी है। इस अवसर पर सचिव नमिता कुमाईं, शशि रावत, नीलम चौहान, लक्ष्मी उनियाल, कल्पना गोदियाल, सुनीता राणा, सुनीता ढौंढियाल, सीमा जोशी, माया चौहान, मंजू चौहान, विनिता चौहान, गीता कंडियाल आदि मौजूद रहे। संवाद