बकाया बिजली बिल नहीं चुकाने पर डाक तार काॅलोनी चुक्खूवाला चकराता रोड स्थित सीजीएचएस के डीडी-दो वेलनेस सेंटर का बिजली कनेक्शन ऊर्जा निगम ने काट दिया। इससे केंद्र की स्वास्थ्य सेवाएं ठप हो गईं। बुधवार को सेंटर पहुंचे बड़ी संख्या में बुजुर्ग मरीजों को इलाज व दवा न मिलने से वहां अफरातफरी मच गई। आक्रोशित मरीजों ने मौके पर जमकर हंगामा किया। मरीजों ने सेंटर इंचार्ज व सीएमओ डॉ. स्मिता रावत के साथ ही अपर निदेशक से मुलाकात कर तत्काल समाधान की मांग की। चेतावनी दी कि अगर जल्द समस्या का समाधान नहीं हुआ तो जोनल कार्यालय पर उग्र प्रदर्शन किया जाएगा।
सीजीएचएस के इस वेलनेस सेंटर से करीब बीस हजार से अधिक पेंशनर्स जुड़े हैं। यहां कभी एक तो कभी दो डॉक्टर बैठते हैं। इससे यहां आए दिन मरीजों को समस्या का समाधान करना पड़ता है। बड़ी संख्या में मरीजों को पंजीकरण कराने के बाद भी बिना इलाज व दवा के वापस लौटना पड़ता है। बताया जा रहा है कि सेंटर का काफी समय का बिजली का बिल बकाया था। भुगतान न होने पर मंगलवार की रात को ऊर्जा निगम ने सेंटर के बिजली का कनेक्शन काट दिया। बुधवार को बड़ी संख्या में मरीज सेंटर इलाज व दवा के लिए पहुंचे थे, लेकिन बिजली न होने के कारण सभी व्यवस्था ठप पड़ी थी। जिससे मरीज आक्रोशित हो गए और उन्होंने वहां हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर दून केंद्रीय पेंशनर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष आरडी सेमवाल, महासचिव एसएस चौहान, संयुक्त सचिव अशोक शंकर, संयोजक बीएस नेगी मौके पर पहुंचे और सेंटर इंचार्ज व सीएमओ डा. स्मिता रावत से मुलाकात कर समस्या के तत्काल समाधान क़ी मांग क़ी। इस दौरान उन्होंने जोनल इंचार्ज व अपर निदेशक डाॅ. जानकी जंगपांगी से भेंटकर मामले में प्रशासन के नकारा रवैये पर कड़ा रोष जताया।
कहा कि बुजुर्ग पेंशनरों के इलाज से जुड़े केंद्र सरकार के स्वास्थ्य केंद्र की बिजली कटने से स्वास्थ्य सेवा ठप हो जाना बुजुर्गों के जीवन व स्वास्थ्य से खिलवाड़ है जिसे सहन नहीं किया जाएगा। कहा कि समस्या का तत्काल हल निकालें नहीं तो एसोसिएशन जोनल कार्यालय में उग्र प्रदर्शन को बाध्य होगा। दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री, केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री एवं महानिदेशक सीजीएचएस को ज्ञापन प्रेषित कर मामले में त्वरित कार्रवाई करने, सीजीएसएस में डॉक्टरों व स्टाफ की कमी को दूर करने, दून सीजीएसएच के बदतर हालात के लिए जिम्मेदार अपर निदेशक को तत्काल हटाने की मांग की। उधर, इस मामले में अपर निदेशक डॉ. जानकी जंगपांगी ने कहा कि निदेशालय से बजट जारी न होने से बिजली का बिल अदा नहीं जा सका है। बजट मिलते ही बिल जमा कर दिया जाएगा।