निरंजनपुर क्षेत्र में नो पार्किंग जोन में खड़े वाहनों से लड़खड़ा रही यातायात व्यवस्था
जाम लगने से देरी से स्कूल पहुंचते हैं बच्चे
बीच सड़क पर चलने को मजबूर राहगीर
निरंजनपुर क्षेत्र में फल एवं सब्जी मंडी के कारण पहले ही वाहनों का दबाव अधिक है। सड़क किनारे जगह-जगह खड़े होने वाहन यातायात में बाधक बन रहे हैं। अवैध पार्किंग की वजह से सुबह से लेकर शाम तक जाम लगता है। इसके बाद भी पुलिस सड़क किनारे खड़े होने वाले टैंपो, कार, बस और ट्रक को नहीं हटवाती है।
निरंजनपुर मंडी क्षेत्र में जाम की सबसे अधिक समस्या है। इसकी वजह सड़क के दोनों तरफ फड़-ठेलियों के अलावा बेतरतीब खड़े रहने वाले वाहन हैं। जाम लगने से आम लोगों को आवाजाही करने में जूझना पड़ता है। स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क किनारे वाहन खड़े रहने से जाम से जूझना पड़ता है। कई बार तो पैदल राहगीरों को सड़क पर चलना पड़ता है। ऐसे में दुर्घटना का खतरा बना रहता है। मीना, अभिलाषा और रीना ने बताया कि सुबह बच्चों को जाम की वजह से स्कूल पहुंचने में देरी हो जाती है। राजू और मनोज ने बताया कि पूरे दिन जाम से जूझना पड़ता है। पुलिस-प्रशासन को सड़क किनारे खड़े होने वाले वाहनों को सीज करना चाहिए। जगह-जगह नो पार्किंग के साइन बोर्ड लगाने चाहिए।
लालपुल से आईएसबीटी की ओर बढ़ने पर माजरा क्षेत्र में भी सड़क किनारे वाहन खड़े रहते हैं। इससे जाम लगता है। सोमवार को भी सड़क किनारे जगह-जगह वाहनों के खड़े होने से जाम लगा रहा। लोग जाम से जूझते नजर आए। बस, टैंपो और कार ही नहीं जेसीबी और क्रेन जैसे बड़े वाहन भी सड़क किनारे खड़े रहते हैं। कई जगहों पर स्थायी तौर पर क्रेन और जेसीबी खड़ी की जाती हैं, इससे हर रोज जाम से लोगों को जूझना पड़ रहा है।
सड़क किनारे वाहन खड़ा करने वालों का लगातार चालान किया जाता है। इनके खिलाफ अभियान भी चलाया जाता है। परिवहन विभाग के अलावा अन्य विभाग भी इस पर नजर रखते हैं। शहर में सड़क किनारे वाहन पार्किंग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - सुनील शर्मा, आरटीओ, प्रशासन