दो महीने से लापता झारखंड निवासी बालिका को दून पुलिस ने सकुशल परिजनों को सौंपा है। इससे उनके चेहरे पर खुशी लौटी है।
एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि 13 फरवरी को एक बालिका घंटाघर में लावारिस घूम रही थी। एएचटीयू टीम एवं आसरा ट्रस्ट ने बालिका को राजकीय महिला कल्याण एवं पुनर्वासन केंद्र में प्रवेश दिलाया गया। बालिका मानसिक रूप से कमजोर थी। ऑपरेशन स्माइल टीम ने बालिका से बातचीत की। वह अपना पूरा पता ठीक से नहीं बता पा रही थी। पुलिस ने जानकारी एकत्रित की तो उसके झारखंड से होने की बात सामने आई। बृहस्पतिवार को सकुशल उसे परिजनों को सौंप दिया गया है।
-