डकैती के मामले में आखिरकार आरटीओ कर्मचारी की पत्नी ने भी तहरीर दे दी है। एसएसपी का कहना है कि डकैतों और वादी द्वारा बताए गए तथ्यों में फर्क है, इसलिए जांच कर गलत बयानी करने वालों पर भी कानून सम्मत कार्रवाई की जाएगी।
उल्लेखनीय है कि 22 अक्तूबर की रात बदमाशों ने अभिमन्यु एकेडमी के मालिक आरपी ईश्वरन के घर डकैती की घटना को अंजाम दिया था। पकड़े जाने पर बदमाशों ने बताया था कि उन्होंने वसंत विहार थाना क्षेत्र में कुछ महीने पहले एक आरटीओ कर्मचारी आलोक के घर से भी 1.38 करोड़ रुपए लूटे थे। आलोक से पूछताछ की गई तो उन्होंने बताया कि बदमाशों ने किसी को बताने पर दिल्ली में रह रहे उनके बेटे को मौत के घाट उतारने की धमकी दी थी। इसलिए उन्होंने पुलिस में घटना की सूचना नहीं दी। रविवार को आखिरकार काफी मान मनौव्वल के बाद आरटीओ कर्मचारी आलोक की पत्नी रमा ले तहरीर दी। इसमें पांच लाख रुपये और 20 लाख रुपये कीमत के जेवर लूटे जाने की बात कही गई है। एसएसपी ने पूरे मामले की जांच एसपी सिटी श्वेता चौबे को सौंपी है।
पत्नी द्वारा बताई गई लूट की रकम में फर्क
एसएसपी अरुण मोहन जोशी ने बताया कि बदमाशों और आरटीओ कर्मचारी की पत्नी द्वारा बताई गई लूट की रकम में फर्क है। इसलिए मामले की जांच एसपी सिटी को सौंपी गई है। सही रकम का आंकलन होने के बाद मुकदमा दर्ज किया जाएगा। जो भी पक्ष तथ्य छुपा रहा होगा उसके खिलाफ भी काननू सम्मत कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
रिमांड पर लिए बदमाशों को दिल्ली ले गई पुलिस
आरपी ईश्वरन की कोठी में हुई डकैती के आरोप में राजपुर थाने की पुलिस अब तक वीरेंद्र ठाकुर, अदनान, फिरोज, फुरकान, पीरू और हैदर को गिरफ्तार कर चुकी है। शनिवार को पुलिस ने न्यायालय की अनुमति पर बदमाशों को पांच दिन के रिमांड पर लिया था। पूछताछ में बदमाशों ने बताया कि उन्होंने ईश्वरन के घर के कैमरों ककी डीवीआर को देवबंद, सहारनपुर के बीच फेंका है। साथ ही जेवर दिल्ली में सर्राफ को बेचे थे। घटना में प्रयुक्त असलहे भी दिल्ली में रखे हैं। इन सब की बरामदगी के लिए पुलिस टीमें बदमाशों को लेकर उत्तर प्रदेश और दिल्ली में दबिश दे रही हैं।