राजधानी देहरादून में इन दिनों चोरी की घटनाएं बढ़ गई हैं। खास बात यह है कि राजधानी में चोरों का जो गिरोह सक्रिय है वह अपने आप में अनोखा है।
राजधानी में चोरी की वारदातों को अंजाम दे रहे यह गैंग झुंड में निकलते हैं और चोरी के वहले एवं चोरी हो जाने के बाद ऐसी हरकते करते हैं जिसे सुनकर शायद आप भौचक्के रह जाएं।
बावरिया और भातू गैंग
बावरिया और भातू गैंग। यह दो ऐसे गिरोह है, जिनकी आमद दून में मौसम के हिसाब से होती है। दोनों ही गैंग की अपनी कार्यप्रणाली है और दोनों के ही सदस्य जबरदस्त अंधविश्वासी होते हैं। बावरिया की राजधानी में आमदगी के बाद पुलिस उसकी कार्यप्रणाली को निकाल रही है।
दून में पॉश इलाकों में अक्सर पड़ने वाली डकैती में भातू गैंग का हाथ होता हैँ। भातू मुरादाबाद जिले के पास एक जनजाति (भातू जनजाति) है। इस गांव का मुख्य पेशा ही अपराध है।
कमरे में करते हैं शौच
भातू गैंग जब भी किसी घर में डकैती डालता है। डकैती डालने के दौरान उसका कोई सदस्य किसी कमरे में शौच करता है। शौच करना अगली डकैती के लिए शुभ माना जाता है।
बावरिया गिरोह राजस्थान का है। लेकिन यह वेस्ट यूपी और उत्तराखंड में घटनाओं को अंजाम देता रहा है। इसका सदस्य घटनाओं को अंजाम देने से पहले चावल को हवा में उछालता है।
पूरा गैंग जाता है
जिस दिशा में चावल ज्यादा गिरते हैं। उस ओर पूरा गैंग जाता है। अपराध विशेषज्ञों के अनुसार, इस बार शायद चावल उत्तराखंड की दिशा में गिरे है। इसलिए बावरिया की आमद राजधानी में हो गई है।