सीबीआई कोर्ट ने दस हजार रुपये की रिश्वत लेते पकड़े गए रेलवे विभाग के सीनियर सेक्शन इंजीनियर रामबीर को सात साल के कारावास और 40 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। सीबीआई ने आरोपी को एक साल पहले 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते दबोचा गया था।
रेलवे विभाग काशीपुर के ठेकेदार विनोद कुमार जैन ने नौ जनवरी 2016 को सीबीआई मुख्यालय पहुंचकर शिकायत की थी कि बिल भुगतान कराने के नाम पर सीनियर सेक्शन इंजीनियर रामबीर निवासी शकरपुर (आगरा) 10 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा है।
सीबीआई ने जांच पड़ताल के बाद 10 जनवरी को रामबीर को ठेकेदार से रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार कर लिया था। सीबीआई कोर्ट में रिश्वतखोरी के इस मामले में सुनवाई हुई और एक साल में फैसला आ गया।
सीबीआई के अधिवक्ता सतीश कुमार ने अभियोजन पक्ष की तरफ से नौ गवाह पेश किए। सीबीआई के विशेष जज अनुज कुमार संगल ने शनिवार को साक्ष्यों के आधार पर रेलवे इंजीनियर रामबीर को रिश्वत लेने का दोषी मानते हुए सात साल के कारावास और 40 हजार रुपये के जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना न देने की स्थिति में अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेगी।