‘स्पेशल 26’ की तर्ज पर प्रवर्तन निदेशायल की रेड बताकर ठगों के गिरोह ने देहरादून के एक बिल्डर से लाखों की नकदी और जेवर ऐंठ लिए।
सोमवार की रात करीब सवा दो घंटे कोठी पर छापे का ड्रामा चलता रहा। जाते समय ठग उनकी स्कूटी ले गए, जो कारगी के पास लावारिस अवस्था में मिल गई। जालसाजों में दो लड़कियों समेत आठ लोग शामिल हैं। पुलिस ने दून के साथ मसूरी आदि इलाकों में उनकी तलाश में भागदौड़ की।
इस घटना से राजधानी में अफरातफरी का माहौल है। इससे पहले अगस्त माह में रिटायर्ड शिक्षिका से इनकम टैक्स अधिकारी बनकर अगस्त माह में 56 लाख रुपए हड़प लिए गए थे। डालनवाला के रेसकोर्स रोड निवासी बिल्डर यशपाल टंडन सोमवार रात आठ बजे करीब मंदिर जाने के लिए घर से बाहर निकले तो कार से उतरे लोगों ने खुद को ईडी (प्रवर्तन निदेशालय) का अधिकारी बताते हुए रेड होने की बात कही।
दो युवतियों समेत आठ लोग टंडन को लेकर अंदर चले गए, जहां पर उनकी पत्नी भी थी। टैक्स चोरी में जेल जाने का डर दिखा गिरोह के सरगना ने पूरी टीम को पूरे मकान की बारीकी से तलाशी लेने के लिए कहा। कमरों से सामान खंगाला जाने लगा। जेवरों के साथ नकदी, जमीन से जुडे़ कागजात जब्त कर लिए गए।
ठगों ने कहा कि उन्हें खबर है कि आवास पर लाखों की रकम है। करीब सवा दो घंटे की कार्रवाई के बाद सेटलमेंट में 50 लाख रुपए की मांग की गई। टंडन ने दोस्त और परिचितों से करीब 21 लाख रुपए की रकम जुटाई। जाते समय ठग नकदी, गहने, कीमती साड़ियां और दूसरा सामान भी ले गए।
टंडन को मंगलवार को ईडी मुख्यालय आने की बात कहकर ठग बाहर आ गए। इसके बाद छह ठग कार से निकल गए, जबकि दो जालसाज टंडन से उनकी स्कूटी कल वापस करने की बात कहकर ले गए। स्कूटी देर रात कारगी के पास लावारिस हालत में मिल गई।
पौने 11 बजे करीब बिल्डर यशपाल टंडन ने एसएसपी डॉ. सदानंद दाते को फोन कर इसकी जानकारी दी। एसएसपी दाते के साथ एसपी सिटी अजय सिंह, एसओजी टीम मौके पर आ गई। सक्रिय हुई पुलिस ने बार्डर पर नाकेबंदी कर होटलों में चेकिंग अभियान चलाया, लेकिन कुछ हाथ नहीं लगा। एसएसपी ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर ठगों की तलाश तेज कर दी गई है।