जिस शख्स को पूरी दुनिया खोजती रही वह दून में न केवल रह रहा था बल्कि रियल इस्टेट जैसा कारोबार भी कर रहा था लेकिन सुरक्षा एजेंसियों को इसकी भनक तक नहीं लगी।
स्पीक एशिया कंपनी के मालिक राम सुमिरन पाल की गिरफ्तारी के बाद राजधानी के खुफिया तंत्र की मुस्तैदी पर सवाल उठ रहे हैं। दून पुलिस और खुफिया एजेंसियों का नेटवर्क पहले भी विफल साबित हो चुका है।
दून आतंकियों की हिट लिस्ट में
भारतीय सैन्य अकादमी, आर्डनेंस फैक्ट्री, एफआरआई जैसे महत्वपूर्ण संस्थानों की मौजूदगी के कारण दून आतंकियों की हिट लिस्ट में है। पूर्व में पकड़े गए आतंकियों से इस बात के संकेत भी मिले थे। फिर भी खुफिया तंत्र में वह धार नजर नहीं आ रही जैसी होनी चाहिए।
खुफिया तंत्र धरने-प्रदर्शनों की सूचनाएं जुटाने तक ही सीमित रह गया है। जानकारों के मुताबिक खुफिया तंत्र में खामियों और पुलिस की ओर से सख्ती न होने के कारण दून अपराधियों के लिए महफूज ठिकाना बनता रहा है।
पुलिस ने शुरू की जांच
स्पीक एशिया कंपनी के मालिक राम सुमिरन पाल के वसंत विहार इलाके में रहने की दून पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। एसएसपी केवल खुराना ने बताया कि वसंत विहार पुलिस और एलआईयू को जांच में लगाया गया है। अपराधी को शरण देने वाले लोगों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।