देहरादून स्थित प्रेमनगर में सिपाही बनकर चोरी की बाइक बेचने वाले चोर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उसकी निशानदेही पर चोरी की छह बाइक बरामद की गई है।
आरोपी की इच्छा पुलिस में भर्ती होने की थी। असली सिपाही नहीं बन सका तो नकली बनकर लोगों को चूना लगाने लगा। वह पहले भी वाहन चोरी में तीन बार जेल जा चुका है।
पुलिस अधीक्षक नगर अजय सिंह ने बताया कि ठाकुरपुर रोड निवासी सुलेमान हुसैन ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि एक शख्स ने प्रेमनगर थाने का सिपाही बताकर नीलामी की मोटर साइकिल पांच हजार रुपये में बेच दी थी। बाद में कथित सिपाही नीलामी की दो अन्य मोटर साइकिल बेचने की बात कहकर 23 हजार रुपये ले गया, तब उसका मोबाइल नंबर भी बंद आ रहा था।
थाने आकर पूछताछ की तो फर्जीवाडे का खुलासा हो सका। पुलिस ने अभियोग पंजीकृत जांच पड़ताल शुरू कर दी। रविवार को पुलिस ने टी स्टेट के पास चेकिंग के दौरान देवांशु उर्फ दिव्यांशु जोशी कालसी रोड डाकपत्थर को पकड़ लिया।
पूछताछ में आरोपी ने बाइक चोरी की कई घटनाएं स्वीकार की। पुलिस ने प्रेमनगर क्षेत्र से चुराई छह मोटर साइकिल बरामद करा दी है। आरोपी के पास से थाने की एक मोहर भी बरामद हुई।
एसपी सिटी ने बताया कि इंटर पास दिव्यांशु पुलिस में भर्ती होना चाहता था। 2011 में कांस्टेबिल भर्ती परीक्षा में हिस्सा लिया था, लेकिन लिखित परीक्षा में फेल हो गया था। आरोपी ने मोती बाजार से पुलिस की वर्दी खरीदी थी।
विकासनगर, कोतवाली, सहसपुर से आरोपी जेल जा चुका है। उन्होंने एसओ प्रेमनगर यशपाल बिष्ट की अगुवाई वाली पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है। हालांकि आरोपी भविष्य में इस तरह की गलती होने से इंकार करता रहा।