दीपक की हत्याकांड के दो बदमाश पकड़ लिए गए तथा एक फरार हो गया। हरिद्वार एसएसपी ने घटना का खुलासा करते हुए बताया कि कार लूट का विरोध करने पर दीपक की हत्या की गयी।
रविवार शाम कोतवाली में प्रेस वार्ता के दौरान एसएसपी सदानंद दाते ने बताया कि 9 मार्च को झबरेड़ा के मानकपुर गांव के पास पुलिस ने इंडिगो कार से पांवटा साहिब निवासी दीपक का शव बरामद किया था। दीपक की गोली मारकर हत्या की गई थी।
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इस मामले का खुलासा करने के लिए थानाध्यक्ष कुलवंत सिंह और एसआई अमरजीत, एसओजी प्रभारी यासीन, गोविंद सिंह की टीम लगी थी।
सूचना मिलने पर पुलिस ने किया गिरफ्तार
रविवार को सूचना पर पुलिस ने वारदात करने वाले पल्सर सवार तीन बदमाशों को जटोल रोड पर नहर पटरी के पास घेर लिया। एक आरोपी फरार हो गया जबकि दो पुलिस ने गिरफ्त में ले लिए।
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बदमाशों ने अपने नाम सोनू निवासी सौरभ तथा अंकित निवासी पलड़ी थाना शाहपुर मुजफ्फरनगर बताया। दोनों के कब्जे से दो देशी तमंचे तथा कारतूस बरामद हुए।
बदमाशों ने कबूली हत्या की बात
एसएसपी ने बताया कि दोनों बदमाशों ने दीपक की हत्या करने की बात कबूली है। उन्होंने बताया कि फरार होने वाले साथी जगत निवासी सोरम समेत तीनों लोगों ने लूट के इरादे से पोंटा साहिब जाकर इंडिगो कार बुक कराई थी। इसके बाद वह भगवानपुर फिर उसे झबरेड़ा की तरफ ले आए।
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यहां पर उन्होंने कार लूटने का प्रयास किया तो दीपक ने विरोध जताया जिस पर उसकी हत्या कर दी गई। एसएसपी ने पुलिस टीम को ढाई हजार रुपए इनाम की घोषणा की है।
कार लूट को चुना साफ्ट टारगेट
बदमाशों ने बताया कि यूपी और उत्तराखंड में वाहनों की बुकिंग कर लूटना आसान काम नहीं था। इसीलिए पांवटा साहिब को चुना। लेकिन दीपक को शक हुआ तो उसने विरोध जताया। जिस पर बदमाशों ने उसकी हत्या की।
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घटनास्थल से थोड़ी दूर कुछ लोग खड़े थे। बदमाशों को डर हुआ तो उन्होंने तेज गति से गाड़ी दौड़ा दी। कुछ दूरी पर जाकर गाड़ी खराब हो गई। जिस कारण बदमाशों को कार वहीं छोड़कर जानी पड़ी।
दर्ज हैं कई मुकदमे
पुलिस के हत्थे चढ़े शातिर बदमाश सोनू के खिलाफ यूपी में लूट, गैंगस्टर, चोरी तथा आर्म्स एक्ट के करीब 7 मुकदमे दर्ज है। पुलिस के समक्ष सोनू ने बताया कि पिछले साल मार्च माह में उसका सीआईएसएफ में नंबर आ गया था। लेकिन उसके नाम मुकदमे दर्ज होने के चलते वह भर्ती नहीं हो पाया था।