चोरों ने रविवार रात राजधानी देहरादून के तीसरे वकील के घर को अपना निशाना बनाया।
सरकारी वकील के बंद घर के बरामदे में लगी ग्रिल काटकर चोर भीतर घुसे और करीब 7.5 लाख रुपए की नगदी व जेवर लेकर चंपत हो गए।
पुलिस को दी सूचना
राजेंद्र सिंह असवाल टिहरी में जिला शासकीय अधिवक्ता हैं। दून में पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र के टी इस्टेट बंजारावाला में उनका घर है। यहां उनका छोटा बेटा गौरव असवाल रहता है।
गौरव भी अधिवक्ता हैं और दून कचहरी में प्रैक्टिस करते हैं। असवाल का बड़ा बेटा सेना में कैप्टन है और पुणे में तैनात है। रविवार को गौरव अपनी गर्भवती भाभी को मिलिट्री हास्पिटल में भर्ती कराने दिल्ली गया था।
घर पर ताला लगा था। रविवार रात बदमाश दीवार फांदकर भीतर घुस गए। बरामदे में छत से फर्श तक ग्रिल लगी थी, दरवाजा भी इसके बीच है।
चोरों ने इस ग्रिल को काट दिया और कमरों में दाखिल हो गए। घर के तीनों कमरों में आलमारी और सूटकेस तोड़ दिए।
रविवार सुबह पड़ोसियों ने असवाल के घर की ग्रिल उखड़ी देखी तो पुलिस को सूचना दी।
पुलिस ने निरीक्षण के बाद फिंगर प्रिंट उठा लिए। दोपहर बाद गौरव दून लौट आए।
पुलिस को बताया कि चोर घर से करीब साढे़ आठ हजार रुपये नकद, दो डायमंड रिंग, एक सोने की नथ, चेन, दो जोड़ी हाथ के कडे़, डायमंड नेकलेस समेत कुल 7.5 लाख का सामान चुरा ले गए।
शराब पी कर की चोरी
चोरों ने वारदात बड़ी तसल्ली से की। रविवार रात तेज बारिश के चलते उन्हें आसपास आवाज जाने की चिंता नहीं रही होगी।
ऐसे में हर कमरे में रखा एक-एक सामान फुर्सत से खंगाला। चोरी के दौरान बदमाश शराब भी पीते रहे। पुलिस को घर में छोड़ी गई आधी शराब की बोतल मिली है।
दरवाजा नहीं तोड़ सके
असवाल के घर में कमरों में घुसने के लिए दरवाजा ग्रिल के साथ ही जुड़ा है। यह दरवाजा काफी मजबूत है। दरवाजे पर बने निशान बता रहे थे कि चोरों ने गेट को तोड़ने की कोशिश की, लेकिन नाकाम रहने पर ग्रिल तोड़ डाला।
तीसरे अधिवक्ता बने निशाना
असवाल राजधानी में चोरों का निशाना बने तीसरे अधिवक्ता हैं। इससे पहले नौ जुलाई को दिनदहाड़े पटेलनगर क्षेत्र के विद्या विहार फेज दो में अधिवक्ता राजेश कुमार कंडोल के घर चोरी हुई थी।
चोर यहां से 40 हजार नकद और एक लाख का सामान ले गए थे। नौ जुलाई को ही डालनवाला कोतवाली के रामबाग में अधिवक्ता गौरव अग्रवाल के बंद मकान से एक्वागार्ड, नल आदि सामान चुराने का मामला सामने आया था।
अग्रवाल के घर लगे सीसीटीवी कैमरे में चार बदमाशों की तस्वीर कैद मिली थी, लेकिन पुलिस अब तक इन्हें तलाश नहीं सकी है।