रुपये न देने पर वीडियो को वायरल करने की धमकी दी। जिसके बाद उसने घटना की जानकारी जीजा और बहन को बताई। जिस पर उसकी बहन ने अपना मंगलसूत्र गिरवी रख और कुछ पैसे उधार लेकर पांचों आरोपियों को 25 हजार रुपये नकद और 25 हजार रुपये का चेक दिए।
मुकदमा दर्ज होने के बाद हरकत में आई पुलिस ने पांचों आरोपियों को लक्ष्मीपुर से गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए आरोपियों में से खुद को पत्रकार बताने वाले आरोपियों की पहचान नवीन कुमार पुत्र यशपाल सिंह निवासी मुहल्ला अजीतनगर थाना विकासनगर, रवि कुमार पुत्र महेंद्र कुमार निवासी ग्राम बेरागीवाला थाना सहसपुर, हरीश गर्ग पुत्र अशोक गर्ग निवासी डाकपत्थर थाना विकासनगर, अशद पुत्र अफजल निवासी सहसपुर के रूप में हुई, जबकि पांचवें आरोपी ककी पहचान शिवम पुत्र राजेश कुमार निवासी टीचर कॉलोनी सहसपुर के रूप में हुई।
पूछताछ में पांचों आरोपियों ने बताया कि उन्होंने सोची समझी साजिश के तहत शुभम को उक्त स्थान पर ग्राहक बनाकर भेजा। जहां कमरे में जाने के बाद शुभम ने मैसेज कर बुलाया। जहां पांचों ने महिला का अश्लील वीडियो बना उसे ब्लैकमैल किया। थानाध्यक्ष नरेश राठौर ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में हरीश गर्ग सहसपुर थाना क्षेत्र से वर्ष 2015 में हरकेश मर्डर केस में जेल जा चुका है।