साइबर क्राइम पुलिस ने ऑनलाइन शॉपिंग और खुद को बैंक अधिकारी बताकर लोगों के खाते से कैश उड़ाने वाले एक शातिर को झारखंड से गिरफ्तार किया है।
शातिर कल्लू ठाकुर बैंक खातों से पैसे उड़ाने वाले गिरोह के साथ मिलकर काम करता है। और यह गैंग झारखंड के गिरिडीह से संचालित होता है।
पुलिस पूछताछ में कल्लू ने बताया कि उसका और उसके परिवार के अन्य सदस्य सुनीता देवी, तारा देवी, पिन्टू ठाकुर, युधिष्ठिर दास व प्रकाश मंडल के बैकों में खाते खुलवाए गए।
सूरज मंडल मोबाइल फोन के माध्यम से उत्तराखंड अन्य राज्यों को फोन पर फर्जी बैंक अधिकारी बनकर एटीएम कार्ड बंद होने/ आधार नंबर बैंक खाते से लिंक कराने के नाम पर धोखे से उनके खातों / एटीएम कार्ड की जानकारी व OTP प्राप्त कर लेता था जिससे खाताधारकों के खातों से धनराशि ऑनलाइन कल्लू और उसके परिवार के सदस्यों के बैंक खातों में आ जाती थी।
इसके पश्चात सारे रुपए निकाल कर सूरज मंडल को दे दिया जाता था। सूरज हमारा हिस्सा देने के बाद सारा रुपया खुद रख लेता था। वह इन रुपयों को अपने घर में छिपा कर रखता है।
ठगी में विभिन्न बैंको के खातों का प्रयोग किया गया
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साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन पर पंजीकृत मुकदमों की जांच के लिए एसएसपी एसटीएफ रिद्घिम अग्रवाल के निर्देशन में थाना निरीक्षक भारत सिंह के नेतृत्व में उप निरीक्षक आशुतोष सिंह, कानि0 नितिन रमोला व कानि0 हरेन्द्र भण्डारी की टीम देवघर, जमतारा, गिरिडीह व धनबाद भेजी गयी थी।
उक्त टीम झारखण्ड के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में जाकर गोपनीय रुप से पता सत्यापन किया गया तो पता चला कि संबंधित मोबाइल धारकों का विवरण व कस्टमर एप्लीकेशन फार्म गलत नाम व पते पर भरा गया है।
उक्त मोबाइल नंबर का प्रयोग कोई और व्यक्ति कर रहा है। साथ ही यह भी जानकारी मिली कि उक्त खाते देवघर, जामतारा, गिरीड़ीह, धनबाद के अलावा बिहार, तेलंगाना आदि अन्य स्थानों पर विभिन्न बैंकों में खोले गये हैं। जिनमें ऑनलाइन ठगी की धनराशी ट्रांसफर की गई है।
ठगी में विभिन्न बैंको के खातों का प्रयोग किया गया है। जिसमें इलाहाबाद बैंक, आन्ध्रा बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, आईड़ीबीआई बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, एक्सिस बैंक, बैंक आफ इंडिया, स्टेट बैंक आफ इंडिया, यूनियन बैंक व यूको बैंक के खाते शामिल हैं। उक्त खातों में से इलाहाबाद बैंक के 03, बैंक आफ इंडिया 02, आईसीआईसीआई बैंक 01, आईडीबीआई का 01, यूनियन बैंक 01, पंजाब नेशनल बैंक 02 व स्टेट बैंक आफ इंडिया के 02 खाताधारकों की पहचान हुई है।
घर पर नहीं मिला आरोपी सूरज मंडल
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पुलिस टीम के द्वारा गिरीहीड, जमतारा, धनबाद, देवघर व जमशेदपुर में स्थानीय पुलिस के सहयोग से दबिश दी गयी। इस दौरान जनपद गिरीहीड के ग्राम चपुवाडीर, थाना बैंगाबाद में घर से कल्लू ठाकुर को गिरफ्तार किया गया। इंस्पेक्टर मारुत साह के नेतृत्व में उप-निरीक्षक राजीव सेमवाल, उप-निरीक्षक आशुतोष राणा, मुख्य आरक्षी सुनील भट्ट, आरक्षी पवन कुमार की टीम द्वारा कल्लू को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस टीम द्वारा सूरज मंडल के घर पर भी दबिश दी गयी, लेकिन सूरज घर पर नहीं मिला। तलाशी में उसके घर से विभिन्न बैंक खाताधारकों की ऑनलाइन हड़पी गयी धनराशि 2 लाख 8 हजार रुपये नकद, एक सोने की अंगूठी, 350 ग्राम चांदी के जेवरात, मोबाइल फोन, विभिन्न एटीएम कार्ड बरामद हुए हैं। सूरज मंडल की तलाश की जा रही है।
एटीएम की गोपनीय जानकारी व ओटीपी प्राप्त कर विभिन्न पीड़ितो के बैंक खाते से निकाले गये कुल 9,89,096/- रुपये में से 1,35,186/- रुपये पूर्व में पीड़ितों के खातों में वापस कराये गये है।
शेष अभियुक्तों की गिरफ्तारी व धनराशि की बरामदगी के लिए पुलिस सक्रीय है। सराहनीय कार्य के लिए पुलिस टीम को पुलिस महानिदेशक उत्तराखंड द्वारा 20,000/- रुपये, पुलिस महानिरीक्षक अपराध एंव कानून व्यवस्था उत्तराखंड पुलिस मुख्यालय द्वारा 10,000/- रुपये व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, एसटीएफ द्वारा 2,500/- रुपये के ईनाम की घोषणा की है।