10 साल बाद पकड़ में आया इनामी भगोड़ा
ब्यूरो/अमर उजाला/ऋषिकेश।
ऋषिकेश। पत्नी की हत्या के प्रयास के मामले में भगोड़े राजेश को पुलिस ने 10 साल बाद गिरफ्तार किया है। आरोपी को पौड़ी न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। आरोपी राजेश पर ढाई हजार रुपये इनाम भी घोषित था। वहीं पुलिस अभी राजेश के साथी अरविंद को अभी गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
लक्ष्मणझूला पुलिस के मुताबिक राजेश कुमार पुत्र राममूर्ति निवासी ग्राम मधुपुर कंधई, किसुंन गंज, जिला प्रतापगढ़, यूपी जून 2008 में स्वर्गाश्रम घूमने आया था। इस दौरान राजेश के साथ उसकी बीवी रेखा व दोस्त अरविंद भी था। नीलकंठ पैदल मार्ग पर राजेश ने साथी अरविंद के साथ मिलकर पत्नी रेखा की हत्या का प्रयास किया। रेखा किसी तरह से उनके चंगुल से बचकर भाग निकली। इस मामले में रेखा ने पति राजेश और उसके साथी अरविंद के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कराया।
थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार राणा ने बताया कि घटना के बाद से आरोपियों के गिफ्तारी के प्रयास किए गए, लेकिन वे हत्थे नहीं चढ़े। इसके अलावा आरोपी न्यायालय में भी पेश नहीं हुए। इसे पर न्यायालय ने आरोपी राजेश को कोर्ट ने भगोड़ा घोषित कर दिया और एसएसपी ने आरोपी पर ढाई हजार रुपये का इनाम भी रखा। पुलिस कप्तान के निर्देश पर फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीम गठित की गई थी। सूचना पर पुलिस टीम ने आरोपी राजेश को प्रतापगढ़ में उसके घर से पकड़ लिया गया। दूसरे आरोपी अरविंद की तलाश की जा रही है। पुलिस टीम में एसआई विकास भारद्वाज, कांस्टेबल मुकेश कुमार, रईश, वीर सिंह, रंजन आदि शामिल रहे।