गोपेश्वर। जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रदीप पंत की अदालत ने गैर इरादतन हत्या के मामले में तीन अभियुक्तों को पांच वर्ष के कठोर कारावास और दस-दस हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड जमा न करने पर अभियुक्तों को छह माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
घटना तीन नवंबर 2013 की है। गैरसैंण कस्बे में रह रहे नेपाली मूल के दलजीत की किसी बात को लेकर अनिल चक्रवर्ती निवासी गैरसैंण और प्रकाश व दीपक निवासी हल्द्वानी से बहस हो गई। कहासुनी बढ़ने पर तीनों ने दलजीत की लात-घूंसों से पिटाई की। गंभीर रूप से घायल होने पर दलजीत को सीएचसी कर्णप्रयाग में भर्ती कराया गया था, जहां 14 नवंबर को दलजीत ने दम तोड़ दिया। मामले में मृतक की माता बसंती देवी ने हमले के आरोपी तीनों आरोपियों के खिलाफ थाना कर्णप्रयाग में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने मामला दर्ज कर घटना में शामिल तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। तीनों अभी जमानत पर थे। पुलिस ने विवेचना के बाद मामला न्यायालय को सौंपा।
बुधवार को मामले की सुनवाई करते हुए जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रदीप पंत ने तीनों आरोपियों को गैर इरादतन हत्या का दोषी पाते हुए पांच-पांच साल के कठोर कारावास और दस-दस हजार रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता (फौजदारी) कुलदीप सिंह बर्तवाल ने की।