तब उसकी जान पहचान कांग्रेसी नेता अशोक टंडन निवासी गंगा टाकिज बड़ा बाजार अपर रोड और केहर सिंह निवासी शिवा एन्क्लेव वीरभद्र ऋषिकेश से हुई थी। आरोप है कि खुद को कांग्रेस का नेता बता रहे अशोक टंडन और केहर सिंह ने अपनी जान पहचान ऊर्जा निगम व कई कैबिनेट मंत्री से होने की बात कही थी।
उन्होंने बताया कि दोनों ने दावा किया था कि वह उसके बेटे की नौकरी यूपीसीएल में लगवा देंगे। इसकी एवज में करीब पंद्रह लाख की रकम अदा करनी होगी। पीड़िता ने विश्वास कर पांच लाख की रकम दे दी थी और बाकी रकम बाद में देना तय हुई थी।
आरोप है कि उसके बेटे की नौकरी नहीं लग पाई तो उसने रकम वापस देने को कहा। आरोप है कि कांग्रेसी नेता और उसके साथी ने उसे व उसके पति को झूठे मुकदमे में फंसाने की बात कहते हुए हत्या की धमकी दी।
थानाध्यक्ष ओमकांत भूषण ने बताया कि मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। आरोपी कांग्रेसी नेता अशोक टंडन ने आरोपों को पूरी तरह बेबुनियाद बताते हुए कहा कि महिला के खिलाफ गबन की जांच चल रही है। उसी को प्रभावित करने के लिए इस तरह के आरोप लगाए गए हैं।