Iपटेलनगर के श्री श्याम सुंदर मंदिर के 42वें मूर्ति स्थापना दिवस समारोह के अवसर पर चल रही श्रीमद्भागवत कथा का रविवार को समापन हो गया। आचार्य हरि कृष्ण महाराज ने कहा कि ब्रह्म चिंतन का धनवान ही भगवान का अनन्य भक्त होता है। इसलिए भौतिक के साथ आध्यात्मिक रूप से धनवान व्यक्ति अपना कल्याण कर सकता हैं। उन्होंने श्रीकृष्ण और सुदामा की मित्रता को सर्वोच्च बताया। कहा कि व्यक्ति अपने पापों के कारण गरीब होता है। भक्त की पीड़ा भगवान अपने ऊपर ले लेते है। वही, पूर्णाहुति के साथ कथा को विश्राम दिया गया। इसके बाद भंडारे का आयोजन कर प्रसाद वितरित किया गया। इस अवसर पर यजमान अरुण गोयल, मनोज गोयल, प्रधान अवतार मुनियाल, गोविंद मोहन, भूपेंद्र चड्ढा आदि मौजूद रहे।I