आपत्ति और सुझाव मांगे
अपने क्षेत्रों में निजी हैंडपंप, बोरवेल पर वाटर मीटर लगाकर कैंट बोर्ड को अब पानी का बिल वसूलना होगा। इसके लिए रक्षा मंत्रालय ने कैंट बोर्डों को आदेश जारी कर दिए हैं। साथ ही कैंट क्षेत्र में अब बिना अनुमति के निजी हैंडपंप या बोरवेल नहीं कराया जा सकेगा। जिनके पहले से बोरवेल या हैंडपंप हैं उन्हें इनका पंजीकरण कराना जरूरी होगा। मंत्रालय के निर्देश के बाद सभी कैंट बोर्डों ने पब्लिक नोटिस जारी कर लोगों से आपत्ति और सुझाव मांगे हैं।
आदेश के बाद कैंट क्षेत्रवासियों में आक्रोश
निजी हैंडपंप और बोरवेल पर मीटर लगाकर पानी का बिल वसूलने के आदेश के बाद क्लेमेंटटाउन कैंट क्षेत्र में आक्रोश है। क्षेत्र के लोगों ने इस संबंध में सीईओ कौशल गौतम से मिलकर इस पर आपत्ति दर्ज कराई और आदेश वापस लेने की मांग की।
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भाजपा नेता व सांसद प्रतिनिधि महेश पांडे ने सीईओ कौशल गौतम से मुलाकात कर इस तरह के फरमान पर आपत्ति जताई। कहा कि एक ओर जहां भारत सरकार हर घर नल योजना से सभी को पीने का पानी दे रही है वहीं, कैंटबोर्ड अपनी मनमानी कर रहा है। पांडे ने कहा कि जब कैंट के पास 2019 से पहले अपनी कोई पेयजल व्यवस्था नही थी तो लोगों ने पीने के लिए अपने घरों में हैंडपंप, बोरवेल लगाकर पानी का इंतजाम किया। अब इस तरह के आदेश जारी किए जा रहे हैं। कहा कि अगर आदेश वापस नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।