गिरफ्तारी के बाद फईम को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उसे 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। डीआईजी ने बताया कि आरोपी को कस्टडी रिमांड में लेने के लिए प्रार्थनापत्र कोर्ट में दाखिल किया जाएगा। ताकि, डकैती में गए सामान को बरामद करने के साथ-साथ फरार बदमाश के बारे में पूछताछ की जा सके।
लॉकडाउन के बाद से बनाई थी रणनीति
लगभग ढाई महीने पुलिस लॉकडाउन का पालन कराने में ही व्यस्त थी। लॉकडाउन खत्म होते ही पुलिस ने फरार बदमाशों की तलाश के लिए रणनीति बनानी शुरू कर दी। डीआईजी ने बताया कि सीओ एसओजी को इस पूरे टास्क की जिम्मेदारी दी गई थी।
फईम ने दिया था ईश्वरन को धक्का
घटना के वक्त फईम ने ही आरपी ईश्वरन को धक्का दिया था। पत्रकार वार्ता के दौरान मौजूद ईश्वरन ने बताया कि फईम के पास एक चाकू था, जिसे लहराते हुए उसने जान से मारने की धमकी दी थी। उसी ने घर से विदेशी मुद्रा और अन्य सामग्री उठाई थी।
अब तक करीब सभी बड़ी घटनाओं में कामयाबी
डीआईजी अरुण मोहन जोशी को लगभग 10 माह का समय बीत चुका है। उनके कार्यकाल में दून पुलिस लगभग सभी बड़े मामलों का खुलासा करने में कामयाब रही है। इसके साथ ही कोराना संकट के दौरान भी पुलिस का काम हर स्तर पर सराहा गया। लॉकडाउन के बाद अब पुलिस का पूरा ध्यान फरार चल रहे अपराधियों को पकड़ने पर है।
10 हजार के इनाम की घोषणा
आरोपी को गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम को डीजी कानून व्यव्यस्था अशोक कुमार ने 10 हजार रुपये इनाम देने की घोषणा की है। डीजी ने फईम की गिरफ्तारी पर दून पुलिस को बधाई भी दी है। बता दें कि इस मामले के खुलासे पर पुलिस को एक लाख रुपये का इनाम भी मिल चुका है।
30 सितंबर 2019- रात आठ से नौ बजे के बीच सशस्त्र बदमाशों ने ईश्वरन के घर डकैती को अंजाम दिया।
30 सितंबर 2019- वीरेंद्र, अदनान, मुजिब्बुर रहमान और फुरकान की गिरफ्तारी।
01 अक्तूबर 2019- फिरोज को गिरफ्तार किया गया।
02 अक्तूबर 2019- हैदर नाम का बदमाश हत्थे चढ़ा।
03 अक्तूबर 2019- अरशद नाम का बदमाश गिरफ्तार हुआ।
लगभग 80 लाख रुपये का माल बरामद
आरपी ईश्वरन के अनुसार अब तक लगभग 80 लाख रुपये की बरामदगी दून पुलिस करा चुकी है। पुलिस के अनुसार यह लूटे गए माल का काफी बड़ा हिस्सा है। क्योंकि, ईश्वरन के घर से ज्यादातर जेवरात ही लूटे गए थे। इन जेवरातों को बदमाशों ने सुनार के यहां गलवा दिया था। गलाया हुए सोने से बदमाशों को जो रकम मिली थी वह लगभग सब पुलिस ने बरामद कर ली है।