श्रीनगर। देवलगढ़ विखोत मेले में इस बार मां राजराजेश्वरी के दर्शनों के साथ ही लोगों को पुराने सिक्कों व सैकड़ों साल पुरानी तलवार तथा बर्तनों के भी दर्शन होंगे। देवलगढ़ मंदिर के पुजारी कुंजिका प्रसाद उनियाल ने बताया कि हर साल बिखोत पर मंदिर में मेले का आयोजन किया जाता है, लेकिन इस बार मेले का प्रचार-प्रसार कर इसे व्यापक रूप दिया गया है। बताया कि सितंबर 1981 से मंदिर में अखंड ज्योति के साथ ही 16 सालों से दैनिक हवन जारी है, जिसके दर्शनों को लोग बड़ी संख्या में पहुंच रहे हैं। पुजारी ने बताया कि वह विगत 40 साल से इस पुरानी धरोहर का संग्रह कर रहे हैं।