गैरसैंण। प्रदेश की स्थायी राजधानी गैरसैंण को घोषित करने की मांग को लेकर रामलीला मैदान में अनशनकारियों का आमरण अनशन जारी रहा।
पिछले सौ दिन से चल रहे आंदोलन के छठे दौर में व्यापार संघ के कोषाध्यक्ष रणजीत शाह और टैक्सी यूनियन के उपाध्यक्ष महावीर सिंह तीन दिन से आमरण अनशन पर हैं, लेकिन प्रशासन ने अब तक वार्ता करना तो दूर आंदोलनकारियों का स्वास्थ्य परीक्षण तक नहीं किया। ऐसे में समिति ने प्रशासन पर उपेक्षापूर्ण रवैया अपनाने का आरोप लगाया है। समिति के अध्यक्ष नारायण सिंह का कहना है कि गैरसैंण राजधानी उत्तराखंड की भावना है। इसके लिए आंदोलन जारी रहेगा। नारायण सिंह ने बताया कि 20 मार्च के विधानसभा में घेराव में गैरसैंण ब्लाक ही नहीं, बल्कि प्रदेश के हर गांव से लोग पहुंचेंगे। शनिवार को अनशन के समर्थन में टैक्सी यूनियन के अध्यक्ष दान सिंह, मंजू बिष्ट, धनीराम, कमला पंवार, वीरेंद्र बिष्ट, कुंवर सिंह रावत, भरत सिंह, जसवंत, देवेंद्र सिंह, नंदन सिंह, तथा संघर्ष समिति के अध्यक्ष नारायण सिंह, पूरन सिंह नेगी, सरोज शाह, लक्ष्मण खत्री, पुष्कर सिंह रावत, अमर सिंह, लक्ष्मण पंवार आदि ने धरना दिया।