तहसील में गौहरीमाफी के वाशिंदों का प्रदर्शन
-- गांव में बाढ़ सुरक्षा कार्य शुरू न होने से गुस्सा, कार्यवाही की मंाग की
अमर उजाला ब्यूरो
ऋषिकेश। गौहरीमाफी में बाढ़ से प्रभावित ग्रामीणों ने सुरक्षा तटबंधों का निर्माण कार्य शुरू नहीं होने पर तहसील में प्रदर्शन किया। उन्होंने तहसील दिवस में आए एडीएम को ज्ञापन सौंपकर कार्यवाही की मांग की। साथ ही बाढ़ सुरक्षा कार्यों में देरी होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी। प्रधान सरिता रतूड़ी के नेतृत्व में सैकड़ों ग्रामीण मंगलवार को तहसील पहुंचे। उन्होंने गांव के लिए स्वीकृत बाढ़ सुरक्षा कार्य शुरू नहीं होने पर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का कहना था कि गौहरीमाफी गांव वर्षों से गंगा और सौंग नदी की बाढ़ का सामना कर रहा है, लेकिन आज तक उनकी सुरक्षा के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं किए गए। पूर्व में सुरक्षा के लिए तटबंध और तार जाल की स्वीकृति मिली थी। इसके बावजूद अभी भी गंगा और सौंग के किनारों पर निर्माण कार्य सहीं ढंग से शुरू नहीं हुए। इस दौरान उन्होंने पूर्व प्रधान पर भी निर्माण कार्यों को रोकने का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने एडीएम अरविंद कुमार पांडे को एक ज्ञापन सौंपकर कार्यवाही की मांग की। बीडीओ अनीता पंवार ने ग्रामीणों से बात कर उन्हें कार्यवाही का भरोसा दिया। प्रदर्शन में भगवती प्रसाद सेमवाल, सुरेंद्र सिंह रावत, कुशाल सिंह राणा, राजाराम कोठियाल, पुनीत बगियाल, भगवंत संधु, कीर्ति रावत, दिगंबर सिंह आदि शामिल थे।