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Iविशेष पॉक्सो जज अर्चना सागर की कोर्ट ने नाबालिग से दुष्कर्म के दोषी को 10 साल कठोर कारावास की सजा सुनाई है। दोषी पर 20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। न्यायालय ने 50 हजार रुपये प्रतिकर के रूप में भी देने के आदेश दिए हैं।I
Iशासकीय अधिवक्ता अल्पना थापा ने बताया कि नाबालिग किशोरी के परिजनों ने 18 दिसंबर 2018 को ऋषिकेश थाने में केस दर्ज कराया। आरोप लगाया कि इंद्रजीत राजभर निवासी दयानंद मार्ग चंद्रेश्वर नगर, ऋषिकेश उनकी बेटी को भगा ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। आरोप है कि इंद्रजीत की मदद में विनय कुलियाल निवासी 14 बीघा मुनि की रेती भी शामिल रहा। उसने पीड़िता के शैक्षिक दस्तावेजों पर जन्मतिथि बदल दी थी। पुलिस ने जांच के बाद चार्जशीट दाखिल की। कोर्ट ने साक्ष्यों के आधार विनय कुलियाल को बरी कर दिया। वहीं, इंद्रजीत राजभर को दुष्कर्म में सजा सुनाते हुए अर्थदंड भी लगाया।I