कुलपहाड़ महोबा। कस्बे में विवाद के चलते पांच लोगों ने दिनदहाड़े एक वकील के घर में घुसकर उसके साले की गोली मारकर हत्या कर दी। बाहर खड़े एक युवक को तमंचे की बट से घायल का बदमाश फरार हो गए। घटना से गुस्साएं ग्रामीणों ने शव सड़क पर रखकर झांसी-मिर्जापुर हाईवे में बस स्टैंड के पास जाम लगा दिया। जाम मेें मौजूद लोगों ने पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
कोतवाली कुलपहाड़ बस स्टैंड निवासी माखनलाल कुशवाहा का बुधवार की शाम को परम कुशवाहा से विवाद हो गया था। जिससे पुलिस दोनों पक्षों को थाने ले गई और रात 10 बजे छोड़ दिया। गुरुवार को सुबह करीब 10 बजे परमलाल कुशवाहा अपने चार बेटों के साथ बृजनंदन, राघवेंद्र, प्रदीप उर्फ बउआ और मानसिंह के साथ अधिवक्ता माखनलाल कुशवाहा के घर में घुस गए और उसकी पत्नी सुमन पर तमंचा तान दिया। रक्षा बंधन में आया सुमन का भाई बीच बचाव करने लगा। हमलावरों ने सुमन के भाई प्रेम कुशवाहा (30) पुत्र रामअवतार कुशवाहा निवासी न्यूरिया जिला हमीरपुर को गोली मार दी। उसकी घटना स्थल पर ही मौत हो गई। घटना के बाद बाहर निकले हमलावरों ने मृतक के घर के बाहर खड़े टोरियापुरा निवासी ऋषभ 20 पुत्र अनिल को तमंचे की बट मारकर लहूलुहान घायल कर दिया। उसे गंभीर हालत में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुलपहाड़ में भर्ती कराया गया।
घटना से गुस्साएं मृतक के परिजनों ने शव को सड़क पर रखकर बस स्टैंड के सामने हाईवे जाम कर दिया। जिससे महोबा से राठ, पनवाड़ी, झांसी आने-जाने वाले तमाम वाहन जाम में फंस गए। मौके पर पहुंची पुलिस के समझाने के बाद भी लोगों ने जाम नहीं खोला। एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने मृतक के परिजनों को हमलावरों की शीघ्र गिरफ्तारी और जांच कराकर दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। तब जाकर लगभग चार घंटे बाद जाम खुलवाया। जाम खुलने के बाद कुछ परिजनों ने दोबारा थाने के सामने जाम लगाने का प्रयास किया। पुलिस ने लाठियां फटकार जाम लगा रहे लोगों को खदेड़ दिया और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मृतक के भांजे मनोज कुमार ने परमलाल पुत्र हरप्रसाद, राघवेंद्र, प्रदीप उर्फ बउआ, मानसिंह, बृजनंदन पुत्रगण परमलाल के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है।