बरगदवां। प्रेम प्रपंच मामले में मारपीट के बाद थाने लाया गया युवक नाटकीय ढंग से थाने से गायब हो गया।
बरगदवा थाना क्षेत्र के मंगलापुर का युवक का गांव की एक युवती से प्रेम प्रपंच चल रहा था।
गांव में चर्चा है की दो माह पूर्व युवती के घरवालों के सहयोग से युवक उसको भगा ले गया था। लड़की के घर पड़े छठिहार में दो दिन पहले ही दोनों लोग कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे थे। गांव में दोनों के आने की खबर फैल गई। जब इसकी जानकारी युवक के घरवालों को हुई तो वे लोग युवती के घर पर पहुंचे और युवक को बुलाने की मांग करने लगे। युवती के पक्ष के लोगों ने युवक को डेहरी में छिपा दिया।
इसी बीच दोनों पक्षों में कहासुनी के बाद ईंट-पत्थर चलने लगे। इसमें ग्रामप्रधान मंगलापुर के नाती भोलू (10) के सिर में व युवक के के चाचा परसु सहानी (30), लड़की के चाचा चंद्रिका गुप्ता (48), चाची चंन्दा देवी (40), युवती की माता विद्यादेवी (38), पशुपति सहानी(19) गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंची पुलिस ने सभी घायलों को उपचार के लिए भेज दिया। पुलिस दोनों पक्ष के लोगों को थाने ले गई। युवती पक्ष के लोगों ने पुलिस को दी तहरीर में आरोप लगाया है कि युवक युवती को भगाने के फिराक में था। वहीं लड़के पक्ष के लोगों का आरोप है की दो माह पहले युवक को सह देकर युवती पक्ष के लोगों ने उसे भगा दिया था। युवक को बहला फुसलाकर युवती के घर वाले उसकी शादी कराने के चक्कर में थे।
पुलिस मामले में आरोपी पशुपति साहनी को थाने पर बैठा रखी थी। मामला तब गंभीर हो गया। जब रात के एक बजे आरोपी युवक के के घर पुलिस पहुंची और उसे खोजने लगी। थाने से युवक के की गायब होने की खबर जब लड़के पक्ष के परिजनों को हुई तो दोनों पक्ष के लोग थाने पहुंचे। पुलिस से युवक को सामने लाने की मांग करने लगे।
जबकि थानाध्यक्ष हरी सिंह यादव ने कहा की आरोप निराधार है। युवक को थाने लाया ही नहीं था तो भगेगा कहां से। युवती के पक्ष से तहरीर मिली है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।