करीब एक माह पहले कोतवाली क्षेत्र के गांव दिसरापुर से पुलिस द्वारा पकड़ी गई अवैध असलहा बनाने की फैक्ट्री के आरोपियों की जमानत जनपद न्यायाधीश ने भी खारिज कर दी है। अब आरोपी को हाईकोर्ट से जमानत करानी पड़ेगी।
24 जनवरी 2017 को गांव दिसरापुर में जग्गू की झोपड़ी में अवैध असलहा संचालित होने की कोतवाली पुलिस को सूचना मिली थी। इस पर पुलिस ने दबिश देकर अवैध शस्त्र बनाने वाले नंदराम विश्वकर्मा को दबोच लिया था। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करने के बाद चार्जशीट न्यायालय में पेश कर दी थी। छापामार कार्रवाई में अवैध असलहा बनाने की फैक्ट्री से एक बना हुआ देशी तमंचा, आधा दर्जन अधबने तमंचे, छह छोटी नाले, ग्रिल मशीन समेत शस्त्र बनाने के तमाम औजार बरामद किए थे।
पुलिस की चार्ज रिपोर्ट दाखिल होने के बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ने अवैध असलहा फैक्ट्री के संचालक नंदराम की जमानत खारिज कर दी। इसके बाद जनपद न्यायाधीश की अदालत में जमानत दाखिल की गई। इस पर शासकीय अधिवक्ता ने सरकार पक्ष की ओर से बहस करते हुए बताया कि आरोपी पर गैंगस्टर का भी मुकदमा चल रहा है। साथ ही उसका आपराधिक इतिहास भी अदालत के सामने प्रस्तुत किया गया। जिस पर जिला पियूष चंद्र श्रीवास्तव ने जमानत खारिज कर दी।