भारतीय क्रिकेट में कप्तानी बदलने के फैसले हमेशा चर्चा में रहते हैं। 2017 में जब विराट कोहली को सीमित ओवरों की भी कमान सौंपी गई, तब यह बदलाव जितना बड़ा था, उतना ही संवेदनशील भी। अब उस समय की अंदरूनी कहानी सामने आई है कि चयनकर्ताओं ने महेंद्र सिंह धोनी से कप्तानी छोड़ने को कहा था और उनसे लिखित में फैसला देने का अनुरोध किया था।
कैसे हुई बात
पूर्व चयनकर्ता जतिन परांजपे ने बताया कि वह और तत्कालीन मुख्य चयनकर्ता एमएसके प्रसाद, धोनी से बात करने से पहले काफी सोच-विचार कर चुके थे। उन्होंने कहा, 'माही बल्लेबाजी कर रहे थे। हम दोनों सोच रहे थे कि उन्हें पूरी इज्जत के साथ कैसे बताएं। फिर हमने कहा- माही, अब आगे बढ़ने का सही समय है।'
धोनी का जवाब
परांजपे के मुताबिक, धोनी ने किसी तरह की नाराजगी नहीं दिखाई, बल्कि फैसले से सहमति जताई। उन्होंने कहा, 'उन्होंने एमएसके से कहा- अन्ना, यह बिल्कुल सही फैसला है। बताइए आपको मुझसे क्या चाहिए।
जब उनसे कहा गया कि लिखित में देना होगा, तो धोनी ने तुरंत हामी भर दी।' परांजपे ने बताया, 'रात में हमें ईमेल मिला- मैं पद छोड़ना चाहता हूं।'
कोहली को दिया भरोसा
धोनी ने नए कप्तान को पूरा समर्थन देने का वादा भी किया। परांजपे के अनुसार उन्होंने कहा, 'चिंता मत करो। मैं विराट के साथ पूरी तरह काम करूंगा। वह मेरे भाई जैसा है। मेरे पास जो भी अनुभव है, मैं सब दूंगा और हम शानदार टीम बनाएंगे।'
धोनी की विरासत
35 साल की उम्र तक धोनी भारत को हर बड़ा आईसीसी खिताब दिला चुके थे। इनमें वनडे विश्वकप, टी20 विश्वकप और चैंपियंस ट्रॉफी शामिल हैं। ऐसे में उनका शांत और टीम-फर्स्ट रवैया उनके कद को और बड़ा बनाता है। धोनी ने 2020 में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट को अलविदा कह दिया था। हालांकि, वह अब भी आईपीएल में खेल रहे हैं। माही अब आईपीएल 2026 में नजर आएंगे।