एमएस धोनी को पीछे छोड़कर 100 T20 खेलने वाले कौन से भारतीय बनेंगे अक्षर पटेल?
इस उपलब्धि को हासिल करते ही अक्षर पटेल पूर्व भारतीय कप्तान महेंद्र सिंह धोनी को पीछे छोड़ देंगे। धोनी ने अपने टी20 अंतरराष्ट्रीय करियर में भारत की ओर से 99 मुकाबले खेले थे। अब तक भारत के लिए सिर्फ 4 खिलाड़ियों ने ही 100 से अधिक टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबले खेले हैं।
- रोहित शर्मा: 161 मैच (पहले स्थान पर)
- हार्दिक पांड्या: 138 मैच (दूसरे स्थान पर)
- विराट कोहली: 127 मैच (तीसरे स्थान पर)
- सूर्यकुमार यादव: 115 मैच (चौथे स्थान पर)
अक्षर पटेल इस सूची में शामिल होने वाले भारत के पांचवें क्रिकेटर बन जाएंगे।
तीसरे टी20 में भारतीय टीम को करना पड़ा हार का सामना
सीरीज के तीसरे टी20 मुकाबले में भारतीय टीम को इंग्लैंड के हाथों 125 रनों से करारी हार का सामना करना पड़ा था। इंग्लैंड से मिले 202 रनों के विशाल लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत की पूरी टीम महज 76 रनों पर ऑलआउट होकर ढेर हो गई थी। इस मैच में भारत के सात बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा भी पार करने में नाकाम रहे थे। टीम की ओर से युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी ने सर्वाधिक 13 रन बनाए थे। वहीं, नॉटिंघम के ट्रेंट ब्रिज मैदान पर खेले गए इस मुकाबले में भारतीय गेंदबाज भी पूरी तरह बेअसर नजर आए थे।
100वें टी20 से पहले भावुक हुए अक्षर पटेल, बोले- डेब्यू के वक्त कभी नहीं सोचा था कि इस मुकाम तक पहुंचूंगा
इस खास उपलब्धि से पहले अक्षर ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा कि जब उन्होंने पहला टी20 खेला था, तब उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि एक दिन भारत के लिए 100 मैच खेलने का मौका मिलेगा। बीसीसीआई की ओर से साझा किए गए एक वीडियो में अक्षर ने कहा "जब मैंने अपना पहला टी20 खेला था, तब यह नहीं सोचा था कि देश के लिए 100 मुकाबले खेलूंगा। इंग्लैंड का यह दौरा मेरे लिए बेहद खास रहा है। दूसरे टी20 में मैंने अपने 100 विकेट पूरे किए और अब चौथा मुकाबला मेरा 100वां मैच होगा। यह पल मेरे लिए बेहद खास है और मैं इसका पूरा आनंद ले रहा हूं।"
अक्षर ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय उन सभी लोगों को दिया, जिन्होंने उनके क्रिकेट सफर में हर कदम पर साथ निभाया। उन्होंने कहा कि व्यक्तिगत उपलब्धियों की चर्चा जरूर होती है, लेकिन यह सफलता सिर्फ उनकी नहीं है। उनके अनुसार, टीम के साथी, कोच और परिवार ने उनकी यात्रा में अहम भूमिका निभाई है और इसी वजह से वह इस मुकाम तक पहुंच सके हैं।
बाएं हाथ के इस स्पिनर ने कहा कि भारत का प्रतिनिधित्व करना ही किसी भी खिलाड़ी के लिए सबसे बड़ी उपलब्धि होती है। उन्होंने कहा कि डेब्यू के समय खिलाड़ी को इस बात का अंदाजा नहीं होता कि वह आगे कितना लंबा सफर तय करेगा। लेकिन अब जब वह अपने 100वें टी20 मैच की दहलीज पर हैं तो यह एहसास शब्दों में बयां करना मुश्किल है। उन्होंने कहा कि भारत के लिए एक मैच खेलना भी किसी सपने के पूरा होने जैसा होता है और 100वां मुकाबला खेलना उससे भी ज्यादा खास पल है।
अक्षर पटेल ने यह भी कहा कि डेब्यू से लेकर अब तक वह एक खिलाड़ी के रूप में काफी बदल चुके हैं। उनके मुताबिक, हर खिलाड़ी अपनी गलतियों से सीखता है और आगे बढ़ता है। उन्होंने युवा खिलाड़ियों को भी सलाह दी कि वे अपनी गलतियों को स्वीकार करें, उनसे सीखें और लगातार खुद को बेहतर बनाने का प्रयास करते रहें।