ऑस्ट्रेलिया में खेली गई चार देशों की श्रृखंला भारत ए ने अपने नाम कर ली। रविवार को ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ खेले गए फाइनल मुकाबले में खिलाड़ियों के आलराउंड प्रदर्शन की बदौलत भारतीय टीम ने 57 रन से जीत दर्ज की।
भारतीय कप्तान मनीष पांडे ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी का फैसला किया। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरे भारत ने 50 ओवर में चार विकेट पर 266 रन बनाए। भारतीय पारी के हीरो मनदीप सिंह रहे जिन्होंने 108 गेंद में 95 रन बनाए। उन्होंने 11 चौके जड़े। मैन ऑफ द मैच मनदीप ने कप्तान मनीष पांडे (61 रन) के साथ मिलकर भारतीय टीम को चुनौतीपूर्ण स्कोर तक पहुंचाया। श्रेयष अय्यर ने भी 41 रन की उपयोगी पारी खेली। ऑस्ट्रेलिया की ओर से चार गेंदबाजों ने एक एक विकेट हासिल किया।
इसके बाद 266 रनों का बचाव करने उतरे भारतीय गेंदबाजों ने मेजबान ऑस्ट्रेलिया को 44.5 ओवर में 209 रन पर ढेर कर दिया। ऑस्ट्रेलिया ए ने नियमित अंतराल पर विकेट गंवाए। युजवेंद्र चहल ने 34 रन देकर चार विकेट हासिल किए। धवल कुलकर्णी, करुण नायर और अक्षर पटेल को दो-दो विकेट मिले। ऑस्ट्रेलिया-ए के लिए कप्तान पीट हैंड्सकोंब (43) ने एलेक्स रोस (34) के साथ मिलकर टीम को लक्ष्य के करीब पहुंचाने की कोशिश की। इस जोड़ी के टूटने के बाद टीम की पारी को सिमटने में अधिक समय नहीं लगा। ऑस्ट्रेलिया के अंतिम पांच विकेट सिर्फ 26 रन जोड़कर गंवाए। ऑस्ट्रेलिया को सलामी बल्लेबाज कैमरन बैनक्राफ्ट और निक मेडिनसन अच्छी शुरूआत दी लेकिन अपनी टीम को जीत नहीं दिला सके।
सीरीज की दो अन्य टीमें दक्षिण अफ्रीका ए और ऑस्ट्रेलिया नेशनल परफोर्मेंस टीम थी। भारत ए ने पिछली तीन श्रृंखलाएं जीती हैं, सबसे रोचक बात यह है कि तीनों ही बार उसने ऑस्ट्रेलिया को ही फाइनल में मात दी है।