कोहली के नाम फर्जी ट्वीट
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पोस्ट में क्या लिखा गया था? लोगों ने खूब शेयर किया
विराट कोहली के नाम से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर लिखा गया, 'छात्र एक निष्पक्ष व्यवस्था, पारदर्शी परीक्षाओं और योग्यता पर आधारित भविष्य के हकदार हैं। छात्रों की चिंताओं को गंभीरता से सुना जाना चाहिए। मुझे उम्मीद है कि अधिकारी उनकी शिकायतों के समाधान के लिए तत्काल और सार्थक कदम उठाएंगे। हमारे देश का भविष्य न्याय, पारदर्शिता और जवाबदेही का हकदार है।'
विराट कोहली के नाम से वायरल ट्वीट निकला फर्जी
- सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट का स्क्रीनशॉट देखने में आधिकारिक अकाउंट जैसा लग रहा था, इसलिए हजारों लोगों ने इसे सही मानकर शेयर भी किया।
- हालांकि, जांच में पता चला कि यह ट्वीट विराट कोहली के आधिकारिक 'एक्स' (पूर्व में ट्विटर) अकाउंट से नहीं किया गया था।
- यह एक फैन या पैरोडी अकाउंट से बनाया गया फर्जी पोस्ट था।
- विराट कोहली ने अब तक पेपर लीक या छात्र आंदोलन को लेकर किसी भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कोई बयान जारी नहीं किया है।
बिना पुष्टि के वायरल पोस्ट शेयर करने से बचें
विशेषज्ञों का कहना है कि किसी भी चर्चित हस्ती के नाम से वायरल हो रहे पोस्ट पर भरोसा करने से पहले उसके यूजरनेम और आधिकारिक वेरिफिकेशन बैज की जांच जरूर करनी चाहिए। कई फैन पेज और पैरोडी अकाउंट मशहूर हस्तियों की तस्वीर और नाम का इस्तेमाल कर भ्रामक जानकारी फैलाते हैं। ऊपर वाले मामले में विराट कोहली के नाम से वायरल ट्वीट पूरी तरह फर्जी निकला, जबकि कई अन्य खिलाड़ियों ने आधिकारिक रूप से अपनी बात रखी है।
इन खिलाड़ियों ने आधिकारिक तौर पर रखी अपनी बात
- हालांकि विराट कोहली ने इस मुद्दे पर चुप्पी साध रखी है, लेकिन कई दिग्गज खिलाड़ियों ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट से छात्रों के समर्थन में बयान दिए हैं।
- सचिन तेंदुलकर ने मेहनत और ईमानदारी की अहमियत पर जोर देते हुए कहा कि 'चीटिंग कभी स्वीकार नहीं की जानी चाहिए और मेहनत का सम्मान होना चाहिए।'
- भारतीय टेस्ट कप्तान शुभमन गिल ने भी छात्रों की मेहनत और निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था की जरूरत पर जोर दिया।
- दो बार की ओलंपिक पदक विजेता मनु भाकर ने शिक्षा और सुरक्षा को छात्रों का मौलिक अधिकार बताते हुए संस्थागत जवाबदेही की मांग की।
- वहीं, पूर्व भारतीय क्रिकेटर युवराज सिंह ने संबंधित अधिकारियों से छात्रों के साथ सकारात्मक संवाद कर निष्पक्ष समाधान निकालने की अपील की।
- शिखर धवन ने भी युवाओं के भविष्य को सुरक्षित रखने और धैर्य बनाए रखने का संदेश दिया।
इरफान पठान क्या बोले?
पूर्व भारतीय क्रिकेटर इरफान पठान ने भी छात्रों के पक्ष में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, 'हर छात्र बेहतर भविष्य के लिए वर्षों तक कड़ी मेहनत करता है और इस दौरान उनके परिवार भी कई तरह के त्याग करते हैं। किसी भी पेपर लीक की वजह से उनकी यह उम्मीद कभी नहीं टूटनी चाहिए। मुझे पूरा भरोसा है कि हमारा देश और संबंधित अधिकारी यह सुनिश्चित करेंगे कि प्रत्येक छात्र को बराबरी का मौका मिले। मुझे यह भी उम्मीद है कि ऐसा दोबारा कभी न हो, इसके लिए हर संभव कदम उठाए जाएंगे।'
शिखर धवन ने धैर्य और भरोसा रखने की अपील की
इससे पहले पूर्व सलामी बल्लेबाज शिखर धवन ने छात्रों से धैर्य बनाए रखने की अपील करते हुए लिखा था, 'हमारे युवा देश का भविष्य हैं। उनके सपनों को समझना जरूरी है, लेकिन साथ ही मुश्किल समय में धैर्य बनाए रखना और देश की संस्थाओं और सरकार पर भरोसा रखना भी उतना ही महत्वपूर्ण है। मेरा मानना है कि धैर्य से ही हर चुनौती का समाधान निकलता है। भारत हमेशा आगे बढ़ा है और आगे भी तरक्की करता रहेगा।'
सचिन तेंदुलकर ने शॉर्टकट की संस्कृति पर जताई चिंता
वहीं, सचिन तेंदुलकर ने भी इस मुद्दे पर अपनी राय साझा करते हुए ईमानदारी और मेहनत का महत्व बताया। उन्होंने लिखा, 'मेरे पिता एक प्रोफेसर थे। वे कई युवा छात्रों के लिए एक मार्गदर्शक और सलाहकार थे। उन्होंने मुझे शुरू से ही एक बात सिखाई थी, असफलता ठीक है, लेकिन चीटिंग करना नहीं। कभी भी शॉर्टकट न अपनाएं। समाज में बड़े होने के नाते, हमारी जिम्मेदारी है कि हम संस्कृति को सही दिशा दें। जो समाज मेहनत के बजाय नतीजों को ज्यादा अहमियत देता है, वह काबिलियत के बजाय शॉर्टकट को चुनता है। आज, जब छात्र निराश महसूस करते हैं कि उनकी कड़ी मेहनत का उन्हें फल नहीं मिला, तो उनकी निराशा समझ में आती है। हम सभी को मिलकर यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उन्हें दोबारा ऐसा महसूस न हो।'
शुभमन गिल बोले- हर युवा को मिले आगे बढ़ने का अवसर
भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने भी इंस्टाग्राम स्टोरी के जरिए छात्र आंदोलन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने लिखा कि एक युवा भारतीय होने के नाते उनका मानना है कि उनकी पीढ़ी का हर युवा सीखने, सपने देखने और अपने भविष्य को आकार देने का अवसर पाने का हकदार है। गिल ने शांतिपूर्ण तरीके से अपनी आवाज उठाने वाले युवाओं के प्रति सम्मान जताते हुए कहा कि शिक्षा ही देश का भविष्य तय करती है। उन्होंने उम्मीद जताई कि देश करुणा, आपसी सम्मान और हर छात्र के सर्वोत्तम हित को ध्यान में रखकर आगे बढ़ेगा।