मैक्ग्रा ने बाद में रेड कार्ड के विचार का समर्थन किया
दिलचस्प बात यह है कि रेड कार्ड की इस घटना के करीब एक दशक बाद ग्लेन मैक्ग्रा ने क्रिकेट में रेड कार्ड की व्यवस्था शुरू करने के विचार का समर्थन किया था। मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब (एमसीसी), जो क्रिकेट के नियमों का संरक्षक है, ने मैदान पर अनुशासन के बेहद गंभीर उल्लंघन के मामलों में अंपायरों को खिलाड़ियों को मैदान से बाहर भेजने का अधिकार देने की सिफारिश की थी। मैक्ग्रा ने इस विचार के समर्थन में अपनी राय दी थी।
मैक्ग्रा ने यह भी माना था कि उनके करियर में कुछ ऐसे गंभीर मौके आए थे, जब रेड कार्ड जैसी सजा का डर उन्हें अपना व्यवहार नियंत्रित करने के लिए मजबूर कर सकता था। यह उनके उस रुख को दिखाता है कि खेल में अनुशासन बनाए रखने के लिए कड़े कदमों की जरूरत पड़ सकती है। हालांकि, अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में फुटबॉल की तरह रेड कार्ड दिखाकर खिलाड़ियों को बाहर करने का नियम लागू नहीं किया है। यानी मैक्ग्रा की घटना के बावजूद क्रिकेट के अंतरराष्ट्रीय नियमों में रेड कार्ड की औपचारिक व्यवस्था नहीं है।