आरआर के गेंदबाजों ने बरपाया कहर
दरअसल, मैच के दौरान चेन्नई की युवा टीम लड़खड़ा गई। आईपीएल में ऐसा पहली बार हुआ था, जब टीम में न तो महेंद्र सिंह धोनी और न ही सुरेश रैना थे। 'उम्रदराज खिलाड़ियों की टीम' कही जाने वाली सीएसके टीम की इस सीजन औसत उम्र 27 साल है। राजस्थान ने टॉस जीता और पहले गेंदबाजी का फैसला किया। आरआर के तेज गेंदबाजों ने कवर्स से ढकी रही पिच पर मौजूद नमी का पूरी तरह फायदा उठाया और 38 रन पर चार विकेट गिरा दिए। इसके बाद रवींद्र जडेजा ने सरफराज खान और शिवम दुबे को पवेलियन भेजा।
दुबे को आउट करने के बाद गन सेलिब्रेशन
सरफराज को आउट करने के बाद उन्होंने साधारण जश्न मनाया, लेकिन दुबे ने उनकी गेंद पर छक्का लगाया था। छक्का लगाने के बाद दुबे ने एक और छक्के की कोशिश की, लेकिन लॉन्ग ऑफ पर पकड़े गए। इसके बाद जडेजा ने पिस्टल से शूट करने के अंदाज में जश्न मनाया। इन दो विकेट से एक वक्त नौवें ओवर में सीएसके का स्कोर छह विकेट पर 60 रन था और टीम जूझ रही थी। जडेजा ने सीएसके में रहते हुए इस तरह की मुश्किल परिस्थितियों से चेन्नई को कई बार निकाला, लेकिन इस बार वह विपक्षी टीम में थे।
CSK...CSK सुन भावुक हुए जडेजा
सीएसके को मुश्किल परिस्थिति में देखकर फैंस खिलाड़ियों का हौसला बढ़ाने के लिए सीएसके-सीएसके चिल्लाने लगे। यह सीएसके की पारी के नौवें ओवर की घटना है। तब जड्डू बाउंड्री लाइन पर फील्डिंग कर रहे थे। हालांकि, जब फैंस सीएसके-सीएसके चिल्लाने लगे तो जड्डू अपनी भावनाओं पर काबू नहीं रख सके और रोने लगे। एक सीजन पहले तक यह शोर उन्हें भी हौसला देता था। ऐसा लगा मानो की जड्डू की पुरानी यादें ताजा हो गईं। जड्डू 13 साल तक सीएसके की टीम का हिस्सा रहे और सीएसके सीएसके चैंट पर भावुक होना लाजमी था। हालांकि, चेन्नई की टीम के भविष्य को देखते हुए उन्होंने राजस्थान में जाने का फैसला लिया।
सोशल मीडिया पर फैंस ने किया समर्थन
फैंस भी जडेजा को रोता देख भावुक हो गए और सोशल मीडिया पर उनका खूब समर्थन किया है। सीएसके के एक फैन ने लिखा- आप भले ही राजस्थान में चले गए हैं, लेकिन आप हमेशा हमारे अपनी रहेंगे। आप हमेशा हमारे थालापति रहेंगे। जड्डू को राजस्थान से ट्रेड किया गया था। जडेजा और सैम करन के बदले चेन्नई सुपर किंग्स ने संजू सैमसन को अपनी टीम में शामिल किया था। हालांकि, सैमसन सोमवार को अपनी पुरानी टीम राजस्थान के खिलाफ छह रन बनाकर आउट हो गए।