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IPL 2023: आईपीएल में सबसे तेज अर्धशतक लगाने वाले यशस्वी की कहानी, करोड़पति बना गोल गप्पे बेचने वाला लड़का

Fri, 12 May 2023 10:21 AM IST
शक्तिराज सिंह स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

राजस्थान रॉयल्स के युवा ओपनर यशस्वी जायसवाल ने कोलकाता नाइटराइजर्स के खिलाफ बड़ा रिकॉर्ड बनाया। यशस्वी आईपीएल के इतिहास में सबसे तेज अर्धशतक लगाने वाले खिलाड़ी बन गए।
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यशस्वी जायसवाल - फोटो : IPL/BCCI
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विस्तार
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राजस्थान रॉयल्स के युवा ओपनर यशस्वी जायसवाल ने कोलकाता नाइटराइजर्स के खिलाफ आईपीएल के 56वें मैच में बड़ा रिकॉर्ड बनाया। वह आईपीएल के इतिहास में सबसे तेज अर्धशतक लगाने वाले खिलाड़ी बन गए। यशस्वी ने इस मामले में लखनऊ सुपर जाएंट्स के कप्तान केएल राहुल का रिकॉर्ड तोड़ दिया। यशस्वी ने 13 गेंद पर ही अर्धशतक लगा दिया। वहीं, राहुल ने इसके लिए 14 गेंदों का सामना किया था।
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कोलकाता ने राजस्थान को 150 रन का लक्ष्य दिया। यशस्वी ने जोस बटलर के साथ राजस्थान की पारी की शुरुआत की। उन्होंने पहले ही ओवर में कोलकाता नाइटराइडर्स के कप्तान नीतीश राणा की गेंदों पर 26 रन बनाए। इस दौरान यशस्वी ने तीन चौके और दो छक्के लगाए। उन्होंने तीसरे ओवर में अपना अर्धशतक पूरा किया। यशस्वी इस सीजन में एक शतक भी लगा चुके हैं।

यशस्वी ने आईपीएल के 1000वें मैच में जायसवाल ने मुंबई इंडियंस के खिलाफ 124 रन की पारी खेली थी। यह राजस्थान के लिए खेलते हुए किसी भी बल्लेबाज का आईपीएल में सबसे बड़ा स्कोर है। इससे पहले बटलर ने भी 124 रन की पारी खेली थी।
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यशस्वी के मुंबई के आजाद मैदान के बाहर गोलगप्पे बेचने से लेकर आईपीएल में शतकवीर बनने तक का सफर रोमांचक रहा है। यशस्वी उत्तर प्रदेश के भदोही के रहने वाले हैं। उनका बचपन बेहद गरीबी में बिता है। 11 साल की उम्र में यशस्वी क्रिकेटर बनने के लिए मुंबई पहुंचे थे। वहां उनके लिए सबकुछ आसान नहीं था। मुंबई जैसे बड़े शहर में यशस्वी को अपना नाम बनाना था।

यशस्वी जायसवाल - फोटो : सोशल मीडिया
कई बार खाली पेट सोए यशस्वी
मुंबई में कमाने के लिए आजाद मैदान में राम लीला के दौरान गोलगप्पे और फल बेचते थे। उन्हें कई बार खाली पेट सोना पड़ता था। यशस्वी ने डेयरी में भी काम किया। वहां एक दिन उन्हें नौकरी से निकाल दिया गया। इस दौरान क्लब ने यशस्वी को मदद की पेशकश की, लेकिन उनके सामने यह शर्त रखी गई कि अच्छा खेलोगे तभी टेंट में रहने की जगह दी जाएगी। टेंट में यशस्वी रोटी बनाने का काम करते थे। वहां उन्हें दोपहर और रात में खाना मिल जाता था।

ज्वाला सिंह ने यशस्वी को निखारा
यशस्वी ने रूपये कमाने के लिए गेंद खोजने का भी काम किया। आजाद मैदान में अक्सर गेंद खो जाती थी। उसे खोजने पर यशस्वी को रूपये मिलते थे। एक दिन यशस्वी के ऊपर कोच ज्वाला सिंह की नजर पड़ी। यशस्वी की तरह ज्वाला भी उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं। उन्होंने इस बाएं हाथ के बल्लेबाज को निखारा। यशस्वी हमेशा ज्वाला सिंह की तारीफ करते हैं। उन्होंने एक बार कहा था, ''मैं उनका गोद लिया हुआ बेटा हूं। मुझे इस मुकाम तक पहुंचाने में उनका अहम योगदान है।''

यशस्वी जायसवाल। - फोटो : सोशल मीडिया।
अंडर-19 वर्ल्ड कप से चमके
यशस्वी ने घरेलू क्रिकेट में महज 17 साल की उम्र में यूथ वनडे में दोहरा शतक ठोककर तहलका मचा दिया था। 2020 में अंडर-19 वर्ल्ड कप में उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया था। यशस्वी ने एक शतक और चार अर्धशतक लगाए था। उन्होंने छह मैच की छह पारियों में 400 रन बनाए थे। उनका औसत 133.33 का रहा था। यशस्वी को अंडर-19 वर्ल्ड कप में मैन ऑफ द टूर्नामेंट का अवॉर्ड मिला था। उनकी चारों तरफ तारीफ हुई।
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यशस्वी जायसवाल - फोटो : IPL/BCCI
राजस्थान ने यशस्वी पर जताया भरोसा
यशस्वी को आईपीएल 2020 की नीलामी में राजस्थान रॉयल्स ने 2.4 करोड़ रुपये में खरीद लिया। उन्होंने राजस्थान के लिए 2020 में तीन मैच में 40 रन बनाए थे। इसके बाद 2021 में 10 मैच में 249 रन बनाए। यशस्वी को 2022 की नीलामी से पहले राजस्थान ने रिटेन किया। उन्हें टीम से बाहर नहीं किया। यह किसी युवा खिलाड़ी के लिए बड़ी बात थी। फ्रेंचाइजी ने उन पर विश्वास जताया। उन्हें चार करोड़ रुपये में रिटेन किया गया। उन्होंने 2022 आईपीएल में 10 मैच में 258 रन बनाए। इस सीजन वह शुरुआत से ही बेहतरीन लय में थे और घरेलू क्रिकेट में कमाल करने के बाद उन्होंने आईपीएल में भी शतक जड़ दिया है। उन्हें देश का भविष्य माना जा रहा है और आने वाले समय में उन्हें टीम इंडिया में भी शामिल किया जा सकता है।
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