हालांकि, पंत का पिछले कुछ वर्षों में टेस्ट रिकॉर्ड शानदार रहा है। डेब्यू के बाद से पंत ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 12 पारियों में 62.4 की औसत से 624 रन बना चुके हैं। इस दौरान उनका स्ट्राइक रेट भी 72.13 का रहा है। पंत ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ दो अर्धशतक और एक शतक लगा चुके हैं। वह अपने डेब्यू के बाद से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट में सबसे ज्यादा रन बनाने के मामले में चौथे स्थान पर हैं। इस मामले में शीर्ष पर चेतेश्वर पुजारा हैं। उन्होंने 2015 से लेकर अब तक ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 16 टेस्ट की 28 पारियों में 49.51 की औसत से 1337 रन बनाए। इनमें चार शतक और सात अर्धशतक शामिल है। 2020/21 में ऑस्ट्रेलिया दौरे पर ब्रिस्बेन में पंत की यादगार पारी को कौन भूल सकता है।
2015 से लेकर अब तक इंग्लैंड में सबसे ज्यादा रन
| खिलाड़ी |
पारी |
रन |
औसत |
100 |
50 |
| विराट कोहली |
21 |
899 |
42.80 |
2 |
5 |
| केएल राहुल |
18 |
614 |
34.11 |
2 |
1 |
| चेतेश्वर पुजारा |
20 |
607 |
33.72 |
1 |
4 |
| ऋषभ पंत |
17 |
556 |
32.70 |
2 |
2 |
| रोहित शर्मा |
10 |
432 |
48.00 |
1 |
2 |
ऋषभ पंत का शानदार रिकॉर्ड
- फोटो : अमर उजाला
इसके अलावा इंग्लैंड में पंत का रिकॉर्ड भी शानदार रहा है। पंत ने 2015 से लेकर अब तक इंग्लैंड में नौ टेस्ट में 556 रन बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने दो शतक और दो अर्धशतक लगाए। वह इस दौरान भारत के लिए इंग्लैंड में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाजों में चौथे नंबर पर हैं। साल 2020 से टेस्ट में पंत भारत के लिए सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज भी हैं। वह इकलौते भारतीय बल्लेबाज हैं जिन्होंने 2020 से लेकर अब तक टेस्ट में 1500+ रन बनाए। पंत ने इस दौरान 38 पारियों में 43.34 की औसत से 1517 रन बनाए।
2015 से लेकर अब तक ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सबसे ज्यादा रन
| खिलाड़ी |
पारी |
रन |
औसत |
100s |
50s |
| चेतेश्वर पुजारा |
28 |
1337 |
49.51 |
4 |
7 |
| विराट कोहली |
22 |
896 |
40.72 |
3 |
2 |
| अजिंक्य रहाणे |
24 |
734 |
34.95 |
1 |
3 |
| ऋषभ पंत |
12 |
624 |
62.40 |
1 |
2 |
| केएल राहुल |
17 |
614 |
38.37 |
1 |
6 |
इस लिस्ट में दूसरे नंबर पर चेतेश्वर पुजारा हैं। उन्होंने 50 पारियों में 30.08 की औसत से 1414 रन बनाए, वहीं रोहित शर्मा 30 पारियों में 44.21 की औसत से 1238 रन बनाकर लिस्ट में तीसरे स्थान पर हैं। इन रिकॉर्ड्स को देखते हुए भारतीय टीम पांचवें-छठे नंबर पर पंत जैसे आक्रामक बल्लेबाज को जरूरत मिस करेगी। वहीं, बात करें ईशान किशन और भरत की तो इनका अब तक का टेस्ट रिकॉर्ड कुछ खास नहीं रहा है। ईशान तो टेस्ट डेब्यू नहीं कर पाए हैं, वहीं भरत चार टेस्ट में 20.2 की औसत से 101 रन बना पाए हैं। भारत को अगर टेस्ट चैंपियन बनना है तो ईशान और भरत जिसे भी मौका मिलता है, उसे रन बनाने होंगे।