मौजूदा समय में टी20 क्रिकेट का क्रेज लगातार बढ़ रहा है और द्विपक्षीय सीरीज में टी20 के मुकाबले अधिक खेले जा रहे हैं। लगभग हर टीम खेल के इस छोटे प्रारूप में अधिक से अधिक मैच खेल रही है जिससे टेस्ट और वनडे के भविष्य पर सवाल भी खड़े हो रहे हैं। भारत ने सर्वाधिक तीन बार टी20 विश्व कप का खिताब अपने नाम किया है, लेकिन आपको जानकार हैरानी होगी कि इस टीम ने टी20 में सर्वाधिक मैच नहीं खेले हैं।
आइए जानते हैं टी20 में सर्वाधिक मैच खेलने का रिकॉर्ड किसके नाम है...
भारत ने हासिल किया कौन सा मुकाम?
भारत और न्यूजीलैंड के बीच शनिवार को दूसरा टी20 मुकाबला खेला गया। भारतीय टीम के लिए ये मैच काफी विशेष रहा क्योंकि उसने मैदान पर उतरने के साथ ही बड़ी उपलब्धि अपने नाम की। शनिवार को क्राइस्टचर्च के प्रसिद्ध हेग्ले ओवल मैदान पर न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए मुकाबले के साथ ही भारतीय टीम ने टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों का एक नया और अनूठा कीर्तिमान अपने नाम कर लिया। इस महत्वपूर्ण मैच के साथ ही भारत, चिर-प्रतिद्वंद्वी पाकिस्तान के बाद टी20 अंतरराष्ट्रीय मैचों का 300 या उससे अधिक का आंकड़ा छूने वाली दुनिया की केवल दूसरी टीम बन गई है। क्रिकेट के इस सबसे तेज, छोटे और रोमांचक फॉर्मेट में भारत की यह यात्रा अविश्वसनीय रूप से सफल रही है, जिसने दुनिया भर के खेल प्रेमियों को अनगिनत यादगार और ऐतिहासिक लम्हे दिए हैं।
भारतीय टीम
- फोटो : BCCI
टी20 में सर्वाधिक मैच खेलने वाली पांच टीमें
टी20 में सर्वाधिक मैच खेलने का रिकॉर्ड फिलहाल पाकिस्तान के नाम है। पाकिस्तान ने अब तक 304 टी20 मैच खेले हैं और वह पहले स्थान पर है। हालांकि, भारत ठीक उसके पीछे है। भारत इस सूची में अब दूसरे पायदान पर मजबूती से स्थापित हो गया है, जिसने अपने 300 मैच पूरे कर लिए हैं। इस क्रम में न्यूजीलैंड की टीम तीसरे स्थान पर है, जिसने अब तक कुल 269 टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में हिस्सा लिया है। इसके अतिरिक्त, वेस्टइंडीज की टीम ने 260 और श्रीलंका ने 243 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं, जो इस फॉर्मेट में सबसे ज्यादा मैच खेलने वाली दुनिया की शीर्ष टीमों में शुमार हैं।
टी20 में भारत-पाकिस्तान के आंकड़े कैसे
टी20 में भारतीय टीम के आंकड़ों को देखें तो टीम ने 300 मैचों में से 200 में जीत दर्ज की है। वहीं, मौजूदा टी20 विश्व कप चैंपियन टीम को 83 मैचों में हार मिली है और सात मैच टाई रहे हैं। वहीं, 10 मैच बेनतीजा रहे हैं। टी20 में 200 जीत का यह आंकड़ा इस बात का प्रमाण है कि भारतीय टीम ने टी20 क्रिकेट में किस स्तर का एकतरफा दबदबा बनाया है और वैश्विक मंच पर अपनी सर्वोच्चता कायम रखी है।
दूसरी ओर, पाकिस्तान के प्रदर्शन को देखें तो उसने कुल 304 टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच खेले हैं, जिसमें से उसे 176 मुकाबलों में जीत नसीब हुई है और 116 मैचों में हार का सामना करना पड़ा है। पाकिस्तान के चार मैच टाई पर छूटे हैं और आठ मुकाबलों का कोई परिणाम नहीं आ पाया है। जब भारत और पाकिस्तान के इन आंकड़ों की तुलना की जाती है, तो भारतीय टीम का जीत-हार का अनुपात काफी अधिक मजबूत नजर आता है। भारत ने पाकिस्तान की तुलना में कम मैच खेलने के बावजूद जीत का आंकड़ा 200 तक पहुंचा दिया है, जो भारतीय क्रिकेटरों की निरंतरता, शानदार फॉर्म और मैच जिताने की क्षमता को बखूबी दर्शाता है।
टी20 का बढ़ता क्रेज
क्राइस्टचर्च के हेग्ले ओवल में शनिवार को खेला गया न्यूजीलैंड के खिलाफ यह मुकाबला भारतीय क्रिकेट इतिहास के पन्नों में हमेशा-हमेशा के लिए स्वर्ण अक्षरों में दर्ज हो गया है। एक तरफ जहां सीरड के लिहाज से यह मैच बेहद महत्वपूर्ण था, वहीं दूसरी तरफ भारत के 300वें टी20 अंतरराष्ट्रीय मैच के रूप में इस मैदान ने एक अद्वितीय ऐतिहासिक पल का गवाह बनने का गौरव प्राप्त किया है। टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के शुरुआती दौर से लेकर वर्तमान आधुनिक युग तक इस खेल में अभूतपूर्व बदलाव आए हैं। द्विपक्षीय सीरीज, आईसीसी टी20 विश्व कप और विभिन्न महाद्वीपीय व क्षेत्रीय टूर्नामेंट्स की सीरीज के चलते दुनिया भर की टीमों ने इस प्रारूप में सैकड़ों मैच खेले हैं। भारत और पाकिस्तान जैसे देश इस प्रारूप के मुख्य अगुआ बनकर उभरे हैं।
खिलाड़ियों की शारीरिक व मानसिक फिटनेस के कारण ही भारत ने लगातार अंतरराष्ट्रीय व्यस्तता के बावजूद इस मुकाम को हासिल किया है। आने वाले समय में जब भी अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट के इतिहास और आंकड़ों की चर्चा होगी, तो क्राइस्टचर्च के हेग्ले ओवल में शनिवार को खेले गए इस मुकाबले का विशेष रूप से उल्लेख किया जाएगा। भारत के 300 टी20 मैच खेलने का यह गौरवशाली सफर इस बात का पुख्ता प्रमाण है कि देश में इस फॉर्मेट की लोकप्रियता, खिलाड़ियों की प्रतिबद्धता और खेल का स्तर किस बुलंदी पर है।