भारत के खिलाफ चार टेस्ट मैचों की सीरीज के शुरुआती मैचों में शर्मनाक हार झेलने के बावजूद ऑस्ट्रेलियाई कप्तान माइकल क्लार्क ने टीम इंडिया को आगाह किया है कि बाकी बचे दो मैचों में मुकाबला आसान नहीं होगा।
उन्होंने कहा, ‘बिना लड़े आत्मसमर्पण करने की हमारी आदत नहीं रही है। अभी भी हमारे पास वापसी करते हुए सीरीज 2-2 से बराबर करने का पूरा मौका है। हमारा अब एकमात्र लक्ष्य बाकी बचे मैचों में जीत दर्ज कर सीरीज बराबर करना है। हालांकि यह आसान नहीं होगा क्योंकि भारतीय टीम वाकई इस समय बहुत अच्छा क्रिकेट खेल रही है।’
सीरीज के पहले मैच में मेहमान टीम को जहां आठ विकेट से करारी हार मिली थी वहीं दूसरे मैच में उसे पारी और 35 रन से हार का सामना पड़ा था। ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ने स्वीकार किया कि भारतीय टीम इन दोनों मैचों में बेहतरीन खेली।
बकौल क्लार्क, ‘इस हार के लिए कोई बहाना नहीं चलेगा। हम खेल के हर विभाग चाहे बल्लेबाजी हो, गेंदबाजी हो या फिर फील्डिंग हो, में विफल रहे। एक टीम के रूप में हमें इसमें जल्द सुधार करना होगा। शुरुआती दो मैचों में हमने अपनी गलतियों से काफी कुछ सीखा है और मुझे लगता है कि अगले मैच से पहले खुद में सुधार के लिए हमारे पास अभी काफी मौका है।’
क्लार्क ने साथ ही स्वीकार किया कि भारत की कठिन परिस्थितियों में खेलने के लिए उनके खिलाड़ियों के पास अनुभव की कमी है। उन्होंने कहा, ‘मौजूदा टीम के मात्र चार खिलाड़ी ही ऐसे हैं जिनके पास यहां टेस्ट खेलने का अनुभव है। भारतीय परिस्थितियां हमेशा से बेहद कठिन रही हैं। यहां की परंपरा, खाना, पिचें, मौसम सब कुछ बिल्कुल अलग हैं लेकिन मैं मानता हूं कि यही क्रिकेट की सुंदरता भी है। घरेलू परिस्थितियों में खेलना तो सबके लिए आसान होता है लेकिन अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट ही तो असली क्रिकेट है।’
सहवाग पर सवाल टाल गए क्लार्क
ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ने वीरेंद्र सहवाग को टीम से बाहर किए जाने के सवाल को टाल दिया। उन्होंने कहा, ‘ईमानदारी से कहूं तो मैं भारतीय टीम के बारे में ज्यादा नहीं सोचता। यह भारतीय चयनकर्ताओं और टीम प्रबंधन का अपना फैसला है। सहवाग क्रिकेट के तीनों प्रारूपों का बेहतरीन बल्लेबाज हैं और मुझे पूरा भरोसा है कि वह जल्द ही टीम में वापसी करेंगे।’