इंडियन प्रीमियर लीग के 13वें सीजन का शेड्यूल जारी हो चुका है। यूएई में होने वाली इस टी-20 लीग के लिए खिलाड़ियों ने भी अभ्यास शुरू कर दिया है। कोरोना की वजह से पांच महीने तक क्रिकेट से दूर रहने के बाद खिलाड़ी वापस से लय हासिल करने में लगे हैं।
वहीं आईपीएल के तमाम सत्रों में मिली नाकामियों से खुद को अलग करके विराट कोहली और उनकी रॉयल चैलेंजर्स बेंगलोर टीम इस बार लीग में अपना दम दिखाने के लिए बेताब है। टीम जहां अपेक्षाओं के दबाव के बिना उतरेगी वहीं कप्तान कोहली का कहना है कि इस तरह की शांति उन्होंने 2016 में महसूस की थी ।
टीम में विराट कोहली और एबी डिविलियर्स जैसे चैंपियन खिलाड़ियों की मौजूदगी के बावजूद आरसीबी पिछले तीन सत्र में प्लेआफ तक जगह नहीं बना सकी। आखिरी बार टीम 2016 में फाइनल में पहुंची थी जिसमें कोहली ने जबरदस्त खेल दिखाते हुए चार शतक लगाए थे ।
आरसीबी की यह सबसे संतुलित टीम
भारतीय कप्तान ने आरसीबी के यूट्यूब शो ‘बोल्ड डायरीज’ में कहा, ‘2016 आईपीएल का हिस्सा होना सुखद था। उसके बाद से यह सबसे संतुलित टीम है।’ कोहली ने कहा कि वह और डिविलियर्स दोनों महसूस कर रहे हैं कि इस सत्र में कामयाबी मिल सकती है।
इस तरह की शांति कभी महसूस नहीं की
विराट ने कहा, ‘मैंने सत्र से पहले इस तरह की शांति कभी महसूस नहीं की। एबी भी यही महसूस कर रहा है और वह काफी इत्मीनान के साथ पूरी तरह फिट होकर आया है। मुझे लगता है कि जहां तक आईपीएल के माहौल का सवाल है तो मैं बेहतर और अधिक संतुलित महसूस कर रहा हूं।’
अपेक्षाओं के दबाव के बिना खेलेंगे
कोहली ने कहा, ‘अतीत की चीजों को भुलाकर हम अपेक्षाओं के दबाव के बिना खेलेंगे। पहले भी कई बार ऐसा कर चुके हैं।’ उन्होंने कहा, ‘हमारे पास काफी हुनरमंद खिलाड़ी हैं और लोग उन्हें खेलते देखना पसंद करते हैं। यही वजह है कि टीम से इतनी अपेक्षाएं भी हैं।’ कप्तान ने कहा कि माइक हेसन को मुख्य कोच बनाना अच्छा फैसला रहा जो प्रबंधन और खिलाड़ियों के बीच सेतु का काम कर सकते हैं।
एक टीम के रूप में आईपीएल में कामयाबी नहीं मिलने के बावजूद टीम प्रबंधन के भरोसे के दम पर कोहली क्रिकेट पर फोकस कर सकते हैं। इस सवाल के जवाब में कोहली ने कहा, ‘उन्हें चिंता है तो वह आकर बात कर सकते हैं। उन्हें इसका पूरा अधिकार है और सार्थक बातचीत का हमेशा स्वागत है।’ कोहली ने कहा कि दक्षिण अफ्रीका के तेज गेंदबाज क्रिस मौरिस, ऑस्ट्रेलिया के वनडे कप्तान आरोन फिंच और विकेटकीपर बल्लेबाज जोश फिलीप के टीम में रहने से उनका आत्मविश्वास बढा है।