भारतीय टीम आयरलैंड के खिलाफ टी20 विश्व कप में अपना अभियान शुरू करने के लिए तैयार है। इस मैच से पहले सबसे ज्यादा चर्चा बल्लेबाजी संयोजन खासकर ओपनिंग स्थान को लेकर कई तरह के कयास लगाए जा रहे हैं। अब पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने भी इसे लेकर अपनी राय रखी है और उनका कहना है कि भारत को आयरलैंड के खिलाफ कप्तान रोहित शर्मा के साथ विराट कोहली को पारी का आगाज करने भेजना चाहिए।
तीसरे नंबर पर खेलते आए हैं कोहली
टी20 विश्व कप में कोहली के बल्लेबाजी क्रम को लेकर काफी चर्चा हो रही है। वह लंबे समय से सीमित ओवरों में तीसरे नंबर पर उतरते आए हैं। हालांकि गावस्कर का मानना है कि कोहली को ओपनिंग में उतराने की स्थिति में यशस्वी जायसवाल को तीसरे नंबर पर उतरना चाहिए। आईपीएल में भी कोहली का प्रदर्शन शानदार रहा जिसमें रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (आरसीबी) के लिए उन्होंने 15 मैचों में 741 रन बनाए।
गावस्कर ने बताया- कैसा हो बल्लेबाजी क्रम
गावस्कर ने एक स्पोर्ट्स चैनल से कहा, रोहित शर्मा और विराट कोहली को पारी का आगाज करना चाहिए। यशस्वी जायसवाल को तीसरे नंबर पर उतरना चाहिए। चौथे नंबर पर सूर्यकुमार यादव, पांचवें नंबर पर ऋषभ पंत और छठे नंबर पर हार्दिक पांड्या को उतरना चाहिए। सातवें नंबर पर रवींद्र जडेजा और आठवें नंबर पर शिवम दुबे, नौवे नंबर पर कुलदीप यादव, 10वें पर जसप्रीत बुमराह और 11वें पर मोहम्मद सिराज।
बांग्लादेश के खिलाफ तीसरे नंबर पर उतरे थे पंत
आमतौर पर कोहली तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए उतरते हैं, लेकिन बांग्लादेश के खिलाफ अभ्यास मैच में कोहली की अनुपस्थिति में पंत को तीसरे नंबर पर उतारा गया और उन्होंने अर्धशतक जड़कर साबित किया कि वह इस स्थान पर भी टीम के काम आ सकते हैं। हालांकि गावस्कर की राय में पंत को पांचवें नंबर पर उतरना चाहिए।
द्रविड़ ने नहीं खोले पत्ते
मैच से ठीक पहले भारतीय टीम के मुख्य कोच राहुल द्रविड़ ने भी बल्लेबाजी क्रम को लेकर चुप्पी तोड़ी, लेकिन अपने पत्ते खोलने से साफ मना कर दिया। द्रविड़ ने कहा कि टीम के पास कई विकल्प मौजूद है और टीम प्रबंधन परिस्थिति को देखते हुए ही संयोजन पर कोई निर्णय लेगी। द्रविड़ ने कहा, हमारे पास विकल्प मौजूद हैं इसलिए हम अभी अपने पत्ते नहीं खोल रहे हैं। हमारे पास रोहित, यशस्वी और कोहली भी उपलब्ध हैं जिन्होंने आईपीएल में ओपनिंग के तौर पर शुरुआत की है। हम तीनों विकल्प को देखते हुए ही टीम का चयन करेंगे और परिस्थितियों को देखेंगे तब कोई निर्णय लेंगे।