गावस्कर ने इस पर अपना तर्क बताते हुए मंसूर अली खान पटौदी का उदाहरण दिया जिन्होंने छोटी उम्र में कप्तानी की जिम्मेदारी संभालने के बाद अपार सफलता हासिल की। उन्होंने कहा, "हां, मैं ऐसा कह रहा हूं। टाइगर पटौदी 21 साल की उम्र में विपरीत परिस्थितियों में कप्तान बने थे तब नारी कांट्रेक्टर चोटिल हो गए थे। देखिए उन्होंने इसके बाद क्या किया। उन्होंने कप्तान बनने के बाद सफलता हासिल की। हमने आईपीएल में दिल्ली कैपिटल्स के कप्तान के तौर पर भी ऋ षभ पंत में ऐसा ही देखा, मेरा मानना है कि उनमें भारतीय क्रिकेट को आगे ले जाने और इसे देखने के लिए रोमांचक टीम बनाने की काबिलियत है।"