अब दुनिया के महान बल्लेबाजों में शुमार भारत के पूर्व क्रिकेट सुनील गावस्कर ने भी कोहली का समर्थन किया है। उन्होंने 1983 वर्ल्ड कप के दौरान कप्तान रह चुके कपिल देव समेत तमाम आलोचकों को जवाब दिया है। गावस्कर को लगता है कि टीम मैनेजमेंट को कोहली को कुछ और समय देना चाहिए।
गावस्कर को यह कहने में कोई दिक्कत नहीं हुई कि जब रोहित शर्मा या कोई अन्य बल्लेबाज रन बनाने में विफल रहता है तो कोई भी सवाल नहीं करता है। गावस्कर ने एक स्पोर्ट्स चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा- मुझे यह समझ में नहीं आता कि जब रोहित शर्मा रन नहीं बनाते हैं तो कोई इसके बारे में बात क्यों नहीं करता है। जब कोई अन्य खिलाड़ी रन नहीं बनाता है, तो कोई भी इसके बारे में बात नहीं करता है।
गावस्कर ने कहा- कोहली का फॉर्म अस्थायी है, लेकिन क्लास परमानेंट है। उन्होंने कहा- कोहली जिस तरह का खेल दिखा रहे हैं, उसमें वह कुछ समय तक असफल हो सकते हैं। कोहली फिलहाल आक्रामकता से खेल रहे हैं और जल्द से जल्द रन बनाने की कोशिश कर रहे हैं। इसमें कुछ वक्त लगेगा, लेकिन वह संभल जाएंगे। हमारे पास एक चयन समिति है और वह इस बारे में सोचेगी।
गावस्कर ने टी-20 वर्ल्ड कप को लेकर टीम के बारे में पूछे जाने पर कहा- मुझे लगता है कि अभी भी टी-20 विश्व कप 2022 के लिए टीम चयन के लिए काफी समय है। कोहली ने इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 में आक्रामक रुख अपनाया था। तीसरे टी-20 में तो वह अच्छे टच में भी दिखे थे। कोहली ने लगातार दो गेंदों पर चौका और छक्का लगाया था। हालांकि, तीसरी गेंद पर बड़े शॉट के चक्कर में वह अपना विकेट गंवा बैठे थे। दूसरे टी-20 में भी वह ऐसे ही शॉट के चक्कर में आउट हुए थे।
भारत ने इंग्लैंड के खिलाफ टी-20 सीरीज 2-1 से जीती थी। तीसरे टी-20 में टीम इंडिया 17 रन से हार गई थी। वहीं, पहला मैच टीम इंडिया ने 50 रन और दूसरा टी-20 49 रन से जीता था। कोहली को दीपक हुड्डा को ड्रॉप कर टीम में शामिल किया गया था, जबकि हुड्डा तब शानदार फॉर्म में थे।
ईशान किशन, रोहित शर्मा और विराट कोहली
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इसी को लेकर बीसीसीआई और टीम मैनेजमेंट की आलोचना हुई थी। भारत और इंग्लैंड अब 12 जुलाई से तीन मैचों की वनडे सीरीज में आमने-सामने होंगी। कोहली भी वनडे टीम का हिस्सा हैं। हालांकि, चोट कि वजह से उनके पहले वनडे में खेलने पर सस्पेंस है।