श्रीलंका ने बल्लेबाजों के दमदार प्रदर्शन की मदद से त्रिकोणीय सीरीज के मुकाबले में इंग्लैंड को दो विकेट से हराया। इंग्लैंड ने पहले बल्लेबाजी करते हुए कप्तान हैरी ब्रूक के दोहरे शतक की मदद से 50 ओवर में चार विकेट पर 429 रन बनाए। जवाब में पवन रत्नानायके, अविष्का फर्नांडो, दासुन शनाका और जनिथ लियानागे की दमदार पारी से श्रीलंका ने 49.5 ओवर में आठ विकेट पर 430 रन बनाकर रोमांचक जीत दर्ज की। श्रीलंका ने इस तरह वनडे इतिहास का दूसरा बड़ा रन चेज किया।
श्रीलंका ने भारत को पीछे छोड़ा
श्रीलंका ने वनडे में सबसे बड़े रन चेज के मामले भारतीय टीम को पीछे छोड़ दिया है। भारत ने इसी साल वेस्टइंडीज के खिलाफ गुवाहाटी में खेले गए मुकाबले में 406 रनों का लक्ष्य सफलतापूर्वक हासिल किया था जो वनडे का दूसरा सबसे बड़ा रन चेज था। लेकिन श्रीलंका ने इस मामले में भारत को पीछे छोड़ा और 50 ओवर के प्रारूप का दूसरा सबसे बड़ा रन चेज कर लिया। दक्षिण अफ्रीका के नाम वनडे में सबसे बड़ा रन चेज का रिकॉर्ड है। दक्षिण अफ्रीका ने 2006 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 435 रनों का लक्ष्य चेज किया था। श्रीलंका और इंग्लैंड के बीच इस मैच में कुल 859 रन बने जो वनडे में दूसरा सबसे बड़ा मैच एग्रिगेट है।
वनडे क्रिकेट के सबसे बड़े रन चेज
| लक्ष्य |
स्कोर |
टीम |
बनाम |
स्थान |
वर्ष |
| 435 |
438/9 |
दक्षिण अफ्रीका |
ऑस्ट्रेलिया |
जोहानिसबर्ग |
2006 |
| 430 |
430/8 |
श्रीलंका |
इंग्लैंड |
रावलपिंडी |
2026 |
| 406 |
406/2 |
भारत |
वेस्टइंडीज |
गुवाहाटी |
2026 |
| 375 |
374/9 |
नीदरलैंड |
वेस्टइंडीज |
हरारे |
2023 |
| 372 |
372/6 |
दक्षिण अफ्रीका |
ऑस्ट्रेलिया |
डरबन |
2016 |
पवन रत्नानायके
- फोटो : SLC
श्रीलंका की दमदार बल्लेबाजी
लक्ष्य का पीछा करते हुए श्रीलंका की शुरुआत अच्छी नहीं रही और उसने कामिंदु मेंडिस और कुसल मेंडिस के विकेट जल्द गंवा दिए। इसके बाद अविष्का फर्नांडो और रत्नानायके के बीच तीसरे विकेट के लिए 166 रनों की साझेदारी हुई। फर्नांडो हालांकि, शतक पूरा करने से चूक गए और 97 रन बनाकर आउट हुए। फिर रत्नानायके ने दासुन शनाका के साथ पारी आगे बढ़ाई और चौथे विकेट के लिए 133 रन जोड़े। इन दोनों साझेदारी के दम पर श्रीलंका ने मैच में अपनी स्थिति मजबूत कर ली। इस दौरान रत्नानायके शतक लगाने में सफल रहे। लेकिन 106 गेंदों पर 15 चौकों और तीन छक्कों की मदद से 130 रन बनाकर आउट हुए। शनाका हालांकि, शतक नहीं जड़ सके और 97 रन बनाकर पवेलियन लौटे।
श्रीलंका के लिए जनिथ लियानागे 27 गेंदों पर सात चौकों और तीन छक्कों की मदद से 61 रन बनाकर नाबाद रहे। वहीं, कामिंदु ने 18, साहन अराचिघे ने 13 और दुनिथ वेलालागे ने 8 रन बनाए। इंग्लैंड की ओर से जोश टंग ने तीन विकेट झटके, जबकि सैम करन को दो विकेट मिला। वहीं, जैमी ओवरटन और लियाम डॉवसन को एक-एक विकेट मिला।
हैरी ब्रूक
- फोटो : IANS
ब्रूक ने लगाया सबसे तेज दोहरा शतक
इससे पहले, इंग्लैंड के कप्तान हैरी ब्रूक ने गुरुवार को रावलपिंडी क्रिकेट स्टेडियम में श्रीलंका के खिलाफ वनडे त्रिकोणीय सीरीज के तीसरे मुकाबले में दोहरा शतक जड़ा। ब्रूक ने 200 रनों का आंकड़ा महज 114 गेंदों में छुआ, जिसके साथ वह वनडे फॉर्मेट में सबसे तेज दोहरा शतक लगाने वाले बल्लेबाज बन गए। इस पारी के साथ ब्रूक वनडे पारी में 200 रन बनाने वाले इंग्लैंड के पहले बल्लेबाज भी बन गए हैं। ग्लेन मैक्सवेल के बाद ब्रूक वनडे में दोहरा शतक लगाने वाले दूसरे ऐसे खिलाड़ी हैं जो ओपनर नहीं हैं।
वनडे क्रिकेट में सबसे तेज दोहरा शतक जड़ने वाले खिलाड़ियों में शुभमन गिल दूसरे स्थान पर हैं, जिन्होंने साल 2026 में वेस्टइंडीज के खिलाफ 117 गेंदों में ऐसा किया था। वहीं, ईशान किशन बांग्लादेश के विरुद्ध 126 गेंदों में यह कारनामा कर चुके हैं। ब्रूक से पहले ये रिकॉर्ड गिल के नाम ही था जो उन्होंने हाल ही में बनाया था, लेकिन ये रिकॉर्ड ज्यादा दिन तक नहीं टिक सका। वनडे इतिहास में सिर्फ 14 बार बल्लेबाजों ने दोहरा शतक लगाया है।
इंग्लैंड ने आठवीं बार बनाए 400+ रन
टॉस जीतकर बल्लेबाजी के लिए उतरी इंग्लैंड की टीम ने निर्धारित 50 ओवरों में चार विकेट खोकर 429 रन बनाए। टॉम बैंटन ने बेन डकेट के साथ मिलकर टीम को मजबूत शुरुआत दिलाई। दोनों खिलाड़ियों ने 80 गेंदों में 74 रन की साझेदारी की। बैंटन 51 गेंदों में 9 चौकों के साथ 50 रन बनाकर आउट हुए, जिसके बाद टीम को डकेट (29) के रूप में दूसरा झटका लग गया।
इस टीम ने 85 रन तक अपने दो विकेट गंवा दिए थे, जिसके बाद कप्तान हैरी ब्रूक ने मोर्चा संभाला। उन्होंने जो रूट के साथ तीसरे विकेट के लिए 127 गेंदों में 159 रन की साझेदारी करते हुए टीम को 200 के पार पहुंचा दिया। रूट 66 गेंदों में 69 रन बनाकर आउट हुए। उनकी इस पारी में 8 चौके शामिल रहे। टीम को 244 के स्कोर पर तीसरा झटका लगा, जिसके बाद ब्रूक ने विल जैक्स के साथ चौथे विकेट के लिए 77 गेंदों में 185 रन जोड़कर टीम को 429/4 के स्कोर तक पहुंचाया। ब्रूक 116 गेंदों में 10 चौकों और 21 छक्कों के साथ 202 रन बनाकर आउट हुए, जबकि विल जैक्स ने 30 गेंदों में 3 छक्कों और 8 चौकों के साथ 66 रन की नाबाद पारी खेली। श्रीलंका की तरफ से दुनिथ वेल्लालगे ने सर्वाधिक 2 विकेट हासिल किए, जबकि असिथा फर्नांडो और जनिथ लियानागे ने 1-1 विकेट चटकाया। ऐसा आठवीं बार है, जब इंग्लैंड ने वनडे इतिहास में 400 रनों के आंकड़े को छुआ।